ग्रेटर नोएडा। दिल्ली-एनसीआर में ग्रेटर नोएडा का इंफ्रास्ट्रक्चर सबसे अच्छा है और जेवर में एयरपोर्ट का निर्माण शुरू हो जाना प्रोपर्टी बाजार के लिए एक वरदान साबित होगा।
ग्रेटर नोएडा के कॉमर्शियल बेल्ट अल्फा-। में गोल्फ व्यू के नाम से प्रोपर्टी का व्यवसाय करने वाले हरिओम यादव का मानना है कि इन दिनों प्रोपर्टी का बाजार ग्रेटर नोएडा, ग्रेटर नोएडा वेस्ट व यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में उड़ान भर रहा है।श्री यादव ने एक साक्षात्कार में बताया कि 2014 से पहले मार्केट में पैसों की भारी कमी थी। जिस कारण प्रोपर्टी का बाजार उतनी रफ्तार इस क्षेत्र में नहीं पकड़ पाया जितनी उम्मीद थी। फिर 2014 के बाद सरकार बदली और नोटबंदी हुई इसका भी असर बाजार पर पड़ा, लेकिन केन्द्र व उप्र में स्थिर सरकार ने प्रोपर्टी बाजार में जान फूंकने का काम किया। नोएडा, ग्रेटर नोएडा, ग्रेटर नोएडा वेस्ट में इतने बिल्डर प्रोजेक्ट आ गये कि हर जगह प्रोजेक्ट नजर आये। लेकिन उन्हें बेचने में दिक्कतें आने लगीं लेकिन अब हालात बदल रहे हैं। खासकर जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के निर्माण के शुरू होने के बाद हालंकि एयरपोर्ट के शिलान्यास से पूर्व ही प्रोपर्टी बाजार उठने लगा था।
श्री यादव का मानना है कि पूरे देश में ग्रेटर नोएडा का ढांचागत (इंफ्रास्ट्रक्चर) इतना बेहतर है कि देश के किसी अन्य राज्य में नहीं यहां एयरपोर्ट के लिए जितनी जमीन किसानों ने दी है उसका लाभ प्रोपर्टी बाजार को मिलेगा। ग्रेटर नोएडा में बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर होने के कराण पहले ही कई बड़ी इंडस्ट्री यहां पर हैं और दिल्ली में इंडस्ट्री के बैन होने व उद्यमियों के वहां से पलायन के बाद यहां इंडस्ट्री और तेजी से बढ़ी, अब एयरपोर्ट आने से और विस्तार होगा।
दिल्ली एनसीआर के लगभग 100 किलोमीटर लम्बे पैच में विकास की अनेक संभावनाएं नजर आती है। श्री यादव का मानना है कि उप्र सरकार द्वारा गौतमबुद्धनगर को कमिश्नरेट बनाने के बाद यहां के लॉ एंड ऑर्डर में भी सुधार हुआ है। जिस वजह से भी उद्यमी ग्रेटर नोएडा व यमुना एक्सप्रेसवे में इंडस्ट्री लगा रहे हैं जिस वजह से इस क्षेत्र में रोजगार के भी अवसर बढ़ गये हैं।
श्री यादव ग्रेटर नोएडा व यमुना एक्सप्रेसवे पर प्रोपर्टी बाजार में भविष्य काफी अच्छा देखते हैं और मानते हैं कि केन्द्र व राज्य सरकार के बड़े प्रोजेक्ट आने से लोगों का रूझान इस ओर काफी बढ़ेगा।