Gujrat Election : गुजरात विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में सोमवार को 93 सीट पर मतदान
Voting on 93 seats on Monday in the second phase of Gujarat assembly elections
भारत
चेतना मंच
28 Nov 2025 05:33 AM
Gujrat Election : अहमदाबाद। गुजरात विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण में सोमवार को 14 मध्य और उत्तरी जिलों की 93 सीट पर मतदान होगा। साल 2017 के विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इनमें से 51 सीट जीती थी। कांग्रेस ने 39, जबकि तीन सीट पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने जीत हासिल की थी।
Gujrat Election :
मध्य गुजरात में भाजपा ने 37 सीट जीती थी। कांग्रेस को 22 सीट मिली थी। लेकिन उत्तर गुजरात में, कांग्रेस ने 17 सीट पर जीत हासिल की थी, जबकि भाजपा को 14 सीट मिली थी। सौराष्ट्र, कच्छ और दक्षिण गुजरात क्षेत्रों की 89 सीट पर पहले चरण में एक दिसंबर को मतदान हुआ था। पहले चरण में औसत मतदान 63.31 प्रतिशत दर्ज किया गया था।
गुजरात विधानसभा में कुल 182 सीट हैं। दूसरे चरण में जिन शेष 93 सीट पर मतदान होगा, उसके लिए 61 राजनीतिक दलों के 833 उम्मीदवार मैदान में हैं। राज्य चुनाव निकाय के अनुसार, उम्मीदवारों में 285 निर्दलीय भी शामिल हैं। भाजपा और अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली ‘आप’ सभी 93 सीट पर चुनाव लड़ रही है। कांग्रेस 90 सीट पर चुनाव लड़ रही है और उसकी सहयोगी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) ने दो सीट पर उम्मीदवार उतारे हैं। अन्य दलों में, भारतीय ट्राइबल पार्टी (बीटीपी) ने 12 और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने 44 उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है।
सोमवार को जिन 93 विधानसभा क्षेत्रों में मतदान होगा, वे अहमदाबाद, वडोदरा, गांधीनगर और अन्य जिलों में फैले हुए हैं। दूसरे चरण के कुछ महत्वपूर्ण निर्वाचन क्षेत्रों में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल का घाटलोडिया, भाजपा नेता हार्दिक पटेल का विरमगाम और गांधीनगर दक्षिण क्षेत्र शामिल हैं, जहां से भाजपा के ही अल्पेश ठाकोर चुनाव लड़ रहे हैं। इसके अलावा, दलित नेता जिग्नेश मेवानी बनासकांठा जिले की वडगाम सीट से कांग्रेस के उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे हैं, और गुजरात विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुखराम राठवा छोटा उदयपुर जिले के जेतपुर से उम्मीदवार हैं।
Gujrat Election :
वडोदरा जिले की वाघोडिया सीट से भाजपा के बागी मधु श्रीवास्तव निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर चुनाव लड़ रहे हैं। इस क्षेत्र में द्रमुक के योगदान को याद करते हुए उन्होंने कहा कि दिवंगत एम करुणानिधि के नेतृत्व वाली पार्टी की पिछली सरकारों में कई मंदिरों की प्राण प्रतिष्ठा की गई थी।