
फायदे कम नुकसान ज्यादा
ये देखा जा रहा है कि युवा, ख़ासकर बॉडी बिल्डिंग और खेलकूद में शामिल रहने वाले लोगों में सप्लिमेंट लेने का चलन काफी बढ़ा है। दिल्ली के पुष्पांजलि मेडिकल सेंटर के वरिष्ठ चिकित्सक मनीष सिंह बताते हैं कि उनके पास कई ऐसे मामले सामने आते हैं जब युवाओं ने बिना सोचे-समझे प्रोटीन सप्लिमेंट लेना शुरू कर दिया और फिर बीमार पड़ गए। वे बताते हैं, “हम प्रोटीन शेक लेने के लिए मना करते हैं, क्योंकि कई बार इससे कोशिकाओं के अंदर होने वाली प्रक्रियाएं प्रभावित होती हैं और रोग प्रतिरोधक क्षमता कम हो जाती है। मैंने युवाओं के लीवर के अंदर मवाद (पस) भरने के कई मामले देखे हैं। डील-डौल अच्छी होने के बावजूद किसी को निमोनिया हो गया होता है। फिर वे बताते हैं कि बॉडी बिल्डिंग के लिए प्रोटीन शेक ले रहे हैं।”
पेट रोग विशेषज्ञ डॉक्टर वीके जैन बताते हैं कि प्रोटीन शेक के अधिक उपयोग का एक और दुष्प्रभाव किडनी स्टोन के रूप में देखने को मिलता है। हाई प्रोटीन सप्लीमेंट जैसे प्रोटीन शेक कैल्शियम कन्संट्रेशन को बढ़ाते हैं, जिसकी वजह से किडनी स्टोन का खतरा बढ़ जाता है। यह सीधे तौर पर आपके लिवर को नुकसान पंहुचा सकता है।
वहीं सीनियर कार्डियोलॉजिस्ट डाक्टर अहमद के अनुसार बहुत से लोग ऐसे हैं जो नफ़ा-नुकसान जाने बिना सप्लिमेंट लेना शुरू कर देते हैं, जबकि उन्हें जरूरत ही नहीं होती। बॉडी बिल्डिंग का तब क्या फायदा जब आप स्वस्थ न हों। आपने देखा होगा कि जिम जाने वाले कई लोगों को कार्डिएक अरेस्ट हुए हैं। हाई प्रोटीन के सेवन से ह्रदय रोगों का खतरा बढ़ता है। यदि आप एक्सरसाइज करने के लिए प्रोटीन शेक का उपयोग कर रहे हैं या फिर किसी भी रूप में एक्स्ट्रा प्रोटीन ले रहे हैं तो आपको दिल संबधी परेशानियां हो सकती हैं। अच्छी डील-डौल ही अच्छे स्वास्थ्य का पैमाना नहीं होती। सबसे जरूरी है संतुलित आहार।