ईमानदारी (Honesty) मानव जीवन का सबसे बड़ा गुण है। दुनिया के प्रत्येक महान व्यक्ति ने अनुभव किया है कि ईमानदारी से बड़ा कोई दूसरा गुण होता ही नहीं है। प्रसिद्ध दार्शनिक स्वेट मार्डेन का कहना है कि ईमानदारी से बड़ी खोज मानवता के इतिहास में कोई दूसरी खोज नहीं हुई है। प्रसिद्ध संत आचार्य चाणक्य कहते हैं कि दुनिया में जो कुछ भी खोजा गया है उसमें ईमानारी से बड़ी कोई दूसरी खोज नहीं है। Honesty
ईमानदारी धोखे पर पड़ती है भारी
एक कवि ने बहुत ही आसान शब्दों में ईमानदारी का वर्णन किया है। कवि लिखता है कि-
हम जा रहे थे ओके,
रास्ते में मिल गए धोखे।
हमने धोखे को मारा मुक्का,
धोखा बिल्कुल भी नहीं झुका।
मजबूरी में हम चले धोखे के संग,
चल रहे थे उसके अंग-संग।
तभी सामने से आई ईमानदारी,
ईमानदारी ने धोखे को चपत मारी,
धोखे की निकल गई हेकड़ी सारी।
हम फिर से हो गए ओके,
अब नहीं मिलते हैं हमें धोखे।
इन आसान शब्दों का सार यही है कि ईमानदारी हर प्रकार के घोड़े पर भारी पड़ती है। ईमानदारी से जीवन जीने वाला व्यक्ति हमेशा जीत जाता है तथा धोखेबाज एक ना एक दिन हार ही जाता है।
जीवन जीने का सर्वोत्तम तरीका है ईमानदारी
बार-बार बताया जा चुका है कि ईमानदारी जीवन जीने का सर्वोत्तम तरीका है। ईमानदारी आपको मजबूत, जिम्मेदार, साहसी और दयालु बनाती है। ईमानदारी किसी भी नियम और कानून को नहीं तोड़ती। अनुशासित, अच्छा व्यवहार, समय की पाबंदी, सच बोलना और दूसरों की मदद करने जैसे गुणों में वस्तुत: ईमानदारी के लक्षण ही प्रतिङ्क्षबबित होते है। बुरी आदतों, अनैतिक गतिविधियों और खराब व्यवहार करने से भी ईमानदारी ही हमें बचाती है। ईमानदार व्यक्ति अपने जीवन में तमाम खुशियां प्राप्त कर सकता है, क्योंकि उसे किसी असुरक्षा का कोई भय नहीं सताएगा। ऐसा व्यक्ति सर्वोच्च शक्ति से आशीर्वाद और कई चीजों में विश्वास भी आसानी से प्राप्त कर सकता है। ईमानदारी के मार्ग पर चलना थोड़ा कठिन अवश्य है, लेकिन यह मार्ग बहुत आगे जाता है और हमें हमारे लक्ष्य पहुंचाता है। बेईमान होना आसान है, लेकिन उससे कम समय के लिए ही लाभ होता है। साथ ही उससे जीवन कष्टदायक भी बन जाता है। बेईमानी का रास्ता अधिक सरल लगता है, लेकिन आगे चलकर व्यक्ति को बदनामी और नफरत के सिवा कुछ नही मिलता। बेईमान व्यक्ति की मान, प्रतिष्ठा और मन की शांति समाप्त हो जाती है।