सीपी राधाकृष्णन का नाम मीडिया की सुर्खियां बना हुआ है। मीडिया के प्रत्येक प्लेटफार्म पर सीपी राधाकृष्णन का नाम नजर आ रहा है। सीपी राधाकृष्णन का नाम रातोंरात सुर्खियों में छाने वाला नाम बन गया है। सीपी राधाकृष्णन वह नाम बन चुका है जो अचानक से ही चर्चा का विषय बन गया है। सीपी राधाकृष्णन लम्बे समय से सार्वजनिक जीवन से जुड़े हुए हैं। भारतीय जनता पार्टी तथा NDA में एक बड़े फैसले के कारण सीपी राधाकृष्णन का नाम अचानक एक चर्चित नाम में बदल गया है। CP Radhakrishnan
सीपी राधाकृष्णन बने उप राष्ट्रपति पद के प्रत्याशी
वर्तमान समय में महाराष्ट्र प्रदेश के गर्वनर सीपी राधाकृष्णन को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन NDA ने भारत के उपराष्ट्रपति के चुनाव में NDA का अधिकारिक प्रत्याशी घोषित किया है। इस घोषणा के साथ ही यह तय हो गया है कि सीपी राधाकृष्णन भारत के अगले उपराष्ट्रपति बनेंगे। वोट के आंकड़े इस बात का प्रमाण हैं कि भारत के उपराष्ट्रपति पद के चुनाव में सीपी राधाकृष्णन की जीत निश्चित है। विपक्ष की तरफ से सी पी राधाकृष्णन के विरुद्ध एक सर्वसम्मत प्रत्याशी खड़ा किया जाएगा। विपक्ष कितना भी जोर लगा ले आंकड़ों के खेल में सीपी राधाकृष्णन की जीत पहले ही तय मानी जा रही है।
कौन हैं भारत के होने वाले उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन?
आपका पूरा परिचय भारत के अलगे उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन के साथ करा देते हैं। सीपी राधाकृष्णन का पूरा नाम चंद्रपुरम पोन्नुसामी राधाकृष्णन है। सीपी राधाकृष्णनभारतीय जनता पार्टी के बहुत पुराने नेता हैं। सीपी राधाकृष्णन मूल रूप से तमिलनाडु के रहने वाले हैं। सीपी राधाकृष्णन दो बार लोकसभा के सांसद रह चुके हैं। सीपी राधाकृष्णन लम्बे समय तक तमिलनाडु प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष भी रहे हैं। सीपी राधाकृष्णन तमिलनाडु की कोयंबटूर लोकसभा सीट से वर्ष-1998 तथा वर्ष-1999 में दो बार लोकसभा का चुनाव जीत चुके हैं। सीपी राधाकृष्णन वर्ष-2004, वर्ष-2014 तथा वर्ष-2019 में भी कोयंबटूर से लोकसभा का चुनाव लड़े थे किन्तु तीनों बार वें अपना चुनाव हार गए थे।
पूरे एक साल से गर्वनर के पद पर तैनात हैं सी पी राधाकृष्णन
सीपी राधाकृष्णन को जुलाई 2024 में महाराष्ट्र प्रदेश में गर्वनर के पद पर तैनात किया गया था। पूरे एक साल से भी अधिक समय से सीपी राधाकृष्णन महाराष्ट्र प्रदेश के गर्वनर के पद को संभाल रहे हैं। 68 वर्ष की उम्र में भारत के उपराष्ट्रपति बनेंगे सीपी राधाकृष्णन का जन्म 20 अक्टूबर 1957 को तमिलनाडु प्रदेश के तिरुप्पुर में हुआ था। उपराष्ट्रपति बनते समय सी पी राधाकृष्णन 68 वर्ष के हो रहे हैं। उन्होंने पढ़ाई के दौरान BBA यानि बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन में ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त की हुई है। सीपी राधाकृष्णन लम्बे समय तक RSS के साथ काम करते रहे हैं। RSS में काम करते हुए ही वर्ष-1974 में सीपी राधाकृष्णन को भारतीय जनता पार्टी बनने से पहले बनी भारतीय जनसंघ पार्टी में तमिलनाडु की राज्य कमेटी का सदस्य बनाया गया था।
भारत में कैसे होता है उप राष्ट्रपति पद का चुनाव?
NDA के प्रत्याशी के तौर पर सीपी राधाकृष्णन का भारत का अगला उप राष्ट्रपति बनना तय माना जा रहा है। यहां यह समझना भी जरूरी है कि भारत में उपराष्ट्रपति पद का चुनाव किस प्रकार से होता है। आपको बता दें कि भारत में उप राष्ट्रपति पद का चुनाव परोक्ष होता है, जिसके निर्वाचक मंडल यानी इलेक्टोरल कॉलेज में राज्यसभा और लोकसभा के सांसद शामिल होते हैं। राष्ट्रपति चुनाव में चुने हुए सांसदों के साथ विधायक भी मतदान करते हैं लेकिन उप राष्ट्रपति चुनाव में लोकसभा और राज्यसभा के सांसद ही वोट डाल सकते है। दोनों सदनों के लिए मनोनीत सांसद राष्ट्रपति चुनाव में मतदान नहीं कर सकते लेकिन वे उप राष्ट्रपति चुनाव में वोटिंग कर सकते हैं।
भारत में उपराष्ट्रपति पद के चुनाव के लिए निर्वाचन अधिकारी चुनाव को लेकर पब्लिक नोट जारी करता है और उम्मीदवारों से नामांकन मंगवाता है। भारत में उप राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव लड़ने के लिए उम्मीदवार के पास 20 प्रस्तावक और कम से कम 20 अन्य अनुमोदक होने चाहिए। प्रस्तावक और अनुमोदक राज्यसभा और लोकसभा के सदस्य ही हो सकते है। उम्मीदवार को 15 हज़ार रुपए भी जमा कराने होते हैं। इसके बाद निर्वाचन अधिकारी नामांकन पत्रों की जांच करता है और योग्य उम्मीदवारों के नाम बैलट में शामिल किए जाते हैं। कोई व्यक्ति भारत का उप राष्ट्रपति चुने जाने के लिए तभी योग्य होगा जब वह कुछ शर्तों को पूरा करता हो। जैसे, वह भारत का नागरिक होना चाहिए, उम्र 35 साल से कम नहीं होनी चाहिए और वह राज्यसभा के लिए चुने जाने की योग्यताओं को पूरा करता हुआ होना चाहिए। अगर कोई भारत सरकार या किसी राज्य की सरकार के अधीन कोई लाभ का पद रखता है तो वह उप राष्ट्रपति चुने जाने के योग्य नहीं होगा। भारत में उप राष्ट्रपति चुनाव के लिए नामांकन भरने की आखिरी तारीख 21 अगस्त है। मतदान 9 सितंबर को होगा और नतीजे उसी दिन यानि 9 सितंबर को आ जाएंगे। CP Radhakrishnan