इंडियन नेवी का दुनिया में बजा डंका, समुद्र में कर दिया कमाल
Indian Navy
भारत
चेतना मंच
18 Mar 2024 10:08 PM
Indian Navy : भारत की सेना की शक्ति अब पूरी दुनिया देख रही है। हाल ही में भारत की नौसेना (इंडियन नेवी) ने एक अदभुत कारनामा करके पूरी दुनिया में भारत की ताकत का डंका बजा दिया है। इंडियन नेवी के साहस, शौर्य तथा पराक्रम से भरे हुए कारनामे के कारण दुनिया में भारत का डंका एक बार फिर से बजा है। समुद्र के उछलते अथाह पानी में भारतीय नौसेना का पराक्रम देख तथा सुनकर हर कोई इंडियन नेवी की तारीफ कर रहा है।
Indian Navy
इंडियन नेवी की हो रही है जय-जयकार
आपको बता दें कि माल्टा देश की एमवी रूएन जहाज एक व्यापारिक जहाज है। एमवी रूएन के जरिए विश्व भर में समुद्र के रास्ते माल की ढुलाई की जाती है। हाल ही में इस पानी के जहाज एमवी रूएन का एक खतरनाक समुद्री डाकू गिरोह ने अपहरण कर लिया था। अनेक देशों की नेवी एमवी रूएन को अपहरणकर्ताओं के चंगुल से छुड़ाने में लगी थी, किन्तु सफलता केवल इंडियन नेवी को मिली। इंडियन नेवी की एक टीम ने न केवल एमवी रूएन को अपहरणकर्ताओं से छुड़वा लिया बल्कि बेहद खूंखार 35 समुद्री लुटेरों को भी इंडियन नेवी के बहादुर जवानों ने गिरफ्तार किया है। इंडियन नेवी के इस काम की पूरी दुनिया में सराहना हो रही है।
भारत लाए जाएंगे 35 समुद्री लुटेरे
जिस ऑपरेशन के कारण इंडियन नेवी का डंका पूरी दुनिया में बज रहा है। उस ऑपरेशन में गिरफ्तार 35 समुद्री लुटेरों को जल्दी ही भारत में लाया जाएगा। अरब सागर में 40 घंटे तक चले ऑपरेशन के बाद पकड़े गए समुद्री लुटेरों को भारत लाया जाएगा। रविवार को नौसेना ने कहा कि युद्धपोत आईएनएस कोलकाता ने 35 समुद्री लुटेरों को हिरासत में लिया है। ऑपरेशन के दौरान भारतीय नौसेना ने शनिवार को संकटग्रस्त व्यापारिक जहाज एमवी रुएन के चालक दल के 17 सदस्यों को बचाया था। इसमें सात सदस्य बुल्गारिया के थे। बुल्गारिया की विदेश मंत्री मारिया गेब्रियल ने भारतीय नौसेना का आभार जताया। वहीं, लगभग 10 लाख डॉलर की कीमत के 37,800 टन माल ले जाने वाले इस जहाज को सुरक्षित रूप से भारत लाया जाएगा। नौसेना ने बताया, समुद्री डाकुओं ने एमवी रुएन को 14 दिसंबर को अगवा किया था। अभियान में पी-8आई समुद्री गश्ती विमान, स्टील्थ गाइडेड मिसाइल विध्वंसक आईएनएस कोलकाता व सुभद्रा और मानव रहित हवाई यान को तैनात किया गया था। सी-17 विमान से विशिष्ट मार्कोस कमांडो को उतारा गया था। नौसेना ने रणनीतिक जलमार्गों पर निगरानी के लिए 10 से अधिक युद्धपोत तैनात किए हैं। Indian Navy