Khan Sir : अपने बेबाक अंदाज और सादेपन से युवा पीढ़ी का दिल जीतने वाले खान सर (Khan Sir) अक्सर सोशल मीडिया पर छाए रहते हैं। ऐसे में लोकप्रिय शिक्षक और फेमस यूट्यूबर खान सर एक बार फिर सोशल मीडिया पर हिस्सा बन चुके हैं। इन दिनों खान सर सोशल मीडिया पर अपने बयान को लेकर विवादों में घिर गए हैं। इस बार मामला जम्मू-कश्मीर के अंतिम महाराजा हरि सिंह को लेकर की गई टिप्पणी का है, जिसे लेकर राष्ट्रीय बजरंग दल और डोगरा समुदाय ने कड़ा विरोध जताया है। खान सर पर आरोप है कि उन्होंने महाराजा को स्वार्थी कहा और उनकी भूमिका को नकारात्मक रूप में प्रस्तुत किया।
क्या कहा था खान सर ने?
जानकारी के मुताबिक, खान सर ने एक वीडियो इंटरव्यू में कहा था, "कश्मीर की समस्या महाराजा हरि सिंह की वजह से शुरू हुई। वह कश्मीर को स्विट्जरलैंड बनाना चाहते थे। जब उनके रिश्तेदार पाकिस्तान पहुंच गए, तब जाकर उन्होंने भारत से मदद मांगी और 26 अक्टूबर को सरेंडर किया, जबकि देश 15 अगस्त को आजाद हो गया था। ये एक तरह की स्वार्थी सोच थी।" खान सर की इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर विवाद तेजी से फैल गया और डोगरा समाज में नाराजगी की लहर दौड़ गई।
राष्ट्रीय बजरंग दल और डोगरा समुदाय ने जताया विरोध
राष्ट्रीय बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने खान सर के बयान के खिलाफ प्रदर्शन किया और प्रशासन से उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। प्रदेश अध्यक्ष राकेश बजरंगी ने कहा, "खान सर को महाराजा हरि सिंह और जम्मू-कश्मीर के इतिहास की कोई समझ नहीं है। उन्होंने डोगरा शासक का अपमान किया है। प्रशासन को चाहिए कि वह उनके खिलाफ केस दर्ज करे और उन्हें जेल भेजे।" वहीं डोगरा शाही परिवार की सदस्य कुंवारी रितु सिंह ने भी बयान को दुर्भाग्यपूर्ण करार देते हुए कहा,"मैंने उनका वीडियो देखा। ये न केवल ऐतिहासिक तथ्यात्मक त्रुटि है, बल्कि डोगरा समाज की भावनाओं को भी ठेस पहुंचाने वाला है। उन्हें इतिहास समझे बिना ऐसा बयान नहीं देना चाहिए था।"
सार्वजनिक रूप से माफी मांगें खान सर
डोगरा समुदाय की ओर से मांग की जा रही है कि खान सर सार्वजनिक रूप से माफी मांगें। सोशल मीडिया पर भी इस बयान को लेकर बहस छिड़ी हुई है कुछ लोग खान सर के समर्थन में हैं तो कई लोग इस बयान को इतिहास के अपमान के रूप में देख रहे हैं। अब सबकी निगाहें प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हैं। हालांकि, इस मामले में अभी तक खान सर की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।