यूट्यूबर एल्विश यादव पर फिर लटकी कानूनी तलवार, होगा ताबड़तोड़ एक्शन!
Elvish Yadav
भारत
RP Raghuvanshi
25 Jan 2025 03:39 PM
Elvish Yadav : फेमस यूट्यूबर और बिग बस ओटीटी 2 के विनर एल्विश यादव अक्सर सुर्खियों का हिस्सा बने रहते हैं। ऐसे में एक बार फिर एल्विश यादव कानूनी पचड़ों में फंस गए हैं। दरअसल फेमस यूट्यूबर एल्विश यादव के खिलाफ उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिला में अपर जिला जज जूनियर डिवीजन ने थाना नंदग्राम को आदेश दिया है कि वह एल्विश यादव के खिलाफ जल्द से जल्द मुकदमा दर्ज करें। एल्विश यादव से जुड़ा ये मामला काफी तूल पकड़ रहा है।
जानकारी के मुताबिक, उत्तर प्रदेश के एल्विश यादव के खिलाफ गाजियाबाद में अपर जिला जज जूनियर डिवीजन ने थाना नंदग्राम को मुकदमा दर्ज करके का आदेश दिया है। बताया जा रहा है कि पीएफए से जुड़े एक व्यक्ति ने कोर्ट में अर्जी लगाई थी कि पुलिस को दी शिकायतों पर मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है। उसके और उसके भाई के जान को खतरा है क्योंकि सोशल मीडिया पर उन्हें लगातार धमकी भरे मैसेज दिए जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में पीएफए से जुड़े गौरव गुप्ता ने बताया कि, उनके भाई सौरव गुप्ता ने एल्विश यादव के खिलाफ गुरुग्राम में FIR दर्ज कराई थी। गौरव गुप्ता खुद नोएडा में एल्विश यादव के खिलाफ संगीन धाराओं में हुए मुकदमे के वादी थे।
सोसाइटी में घूम रहे कुछ अनवांटेड लोग
गौरव गुप्ता के अनुसार, सौरव को लग रहा था लगातार उनकी रेकी की जा रही है। जिस सोसाइटी में वो रहते हैं वहां कुछ अनवांटेड लोग घूम रहे हैं। सौरव को यह भी डर था कि सौरव और उसके भाई गौरव को एल्विश यादव या उसके जानकार किसी झूठे मामले में फंसा सकते हैं। इस डर से उन्होंने अपना फेसबुक अकाउंट भी बंद कर दिया था क्योंकि उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही थी। कोर्ट में दिए प्रार्थना पत्र में सौरव ने बताया है कि, एल्विश आर्मी के नाम से चल रहे अकाउंट से लगातार दोनों भाइयों को धमकी मिल रही है। उनको डर है कि कहीं उमेश पाल हत्याकांड की तरह या फिर सिद्धू मूसेवाला की तरह दोनों भाइयों पर कोई सुनियोजित हमला न हो जाए।
थाने में दर्ज कराई थी शिकायत
प्रार्थना पत्र में आरोप लगाया था कि, इस मामले को लेकर थाने में भी शिकायत दर्ज कराई गई थी लेकिन इसके खिलाफ किसी तरह का मुकदमा दर्ज नहीं किया गया। फिलहाल अब कोर्ट ने आदेश दिया है कि धारा 173(4) BNSS के तहत स्वीकार किया जाता है। साथ ही नंदग्राम थाना अध्यक्ष को आदेशित किया जाता है कि आवेदन में तथ्यों के आधार पर समुचित व्यक्तियों के विरुद्ध समुचित धाराओं के अंतर्गत मुकदमा दर्ज करें और विवेचना करें। Elvish Yadav