
Maharashtra Political Crisis महाराष्ट्र में विधान परिषद चुनाव के नतीजे आने के ठीक बाद महाराष्ट्र की राजनीति में भारी उथल-पुथल मचा हुआ है। उद्धव ठाकरे सरकार पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। दरअसल, राज्य सरकार में मंत्री और शिवसेना के कद्दावर नेता एकनाथ शिंदे ने पार्टी से बगावत कर दी है। एकनाथ शिंदे ने दावा किया है कि उनके साथ 40 विधायक हैं, जिनमें 33 विधायक शिवसेना के और 7 निर्दलीय शामिल हैं।
आपको बता दें कि अपने इन समर्थक विधायकों के साथ एकनाथ शिंदे असम के गुवाहाटी में एक होटल में ठहरे हुए हैं। कयास लगाए जा रहे हैं कि एकनाथ शिंदे अपने समर्थक विधायकों के साथ भाजपा में शामिल हो सकते हैं।
सूत्रों के मुताबिक विधायकों की कम संख्या होने के बाद सीएम उद्धव इस्तीफा दे सकते हैं। प्रदेश में जारी राजनीतिक संकट के बीच आज कांग्रेस पार्टी की बैठक मंत्री और पार्टी नेता बालासाहेब थोराट के आवास पर हुई।
https://twitter.com/ANI/status/1539505270606266370?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E1539505270606266370%7Ctwgr%5E%7Ctwcon%5Es1_c10&ref_url=https%3A%2F%2Fhindi.oneindia.com%2Fnews%2Findia%2Fmaharashtra-political-crisis-live-updates-mva-govt-eknath-shinde-news-in-hindi-688863.htmlमहाराष्ट्र में मौजूदा राजनीतिक संकट पर राजस्थान CM अशोक गहलोत ने कहा कि ये कहां की प्रक्रिया है, राज्यसभा चुनाव में हॉर्स ट्रेडिंग करते हैं। पहले मध्य प्रदेश फिर राजस्थान, उस समय से ही महाराष्ट्र इनके टारगेट पर चल रहा था। अंदर ही अंदर षड्यंत्र किया, वो षड्यंत्र बाहर आ गया। देश देख रहा है।
महाराष्ट्र में जारी राजनीतिक संकट के बीच एनसीपी प्रमुख शरद पवार मुंबई के वाईबी चव्हाण केंद्र पहुंचे। गृहमंत्री दिलीप वलसे पाटिल, मंत्री जयंत पाटिल और बालासाहेब पाटिल ने आज सुबह उनसे उनके आवास पर मुलाकात की थी।
शिवसेना के संजय राउत ने राज्य में मौजूदा राजनीतिक संकट के बीच महाराष्ट्र विधानसभा के भंग होने के संकेत दिए हैं। उन्होंने ट्वीट कर लिखा कि महाराष्ट्र में जारी राजनीतिक संकट विधानसभा भंग करने की ओर बढ़ रहा है।
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि बीजेपी का लक्ष्य पूरे भारत पर कब्जा करना है। अगर कोई विरोधी दल उनके खिलाफ बोलता है, तो वे इसे बर्दाश्त नहीं करते हैं। वे एक 'विरोध मुक्त भारत' के निर्माण की राह पर चल रहे हैं। पहले उन्होंने कहा 'कांग्रेस मुक्त' भारत, अब उन्होंने इसे 'विपक्ष मुक्त' में बदल दिया।
कांग्रेस नेता कमलनाथ ने कहा कि आज देश में सौदे की राजनीति हो रही है। मध्य प्रदेश का उदाहरण आप जानते हैं। ये राजनीति हमारे संविधान के विपरीत है और भविष्य के लिए खतरे की बात है। शिवसेना को खुद तय करना है कि वे अपने विधायकों से कैसे बात करेंगे। कांग्रेस के विधायक बिकाऊ नहीं हैं।