कटिहार से खड़ा हुआ ‘मोदी ब्रांड’, इस मुस्लिम शख्स ने बदल दी तस्वीर
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 03:20 AM
कहते हैं अगर इरादे सच्चे हों और सोच बड़ी तो न मजहब दीवार बनता है और न ही हालात रास्ता रोकते हैं। यह कहानी है कटिहार जिले के मुस्लिम युवक गुल्फराज की जिन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत विजन से प्रेरणा लेकर एक ऐसा ब्रांड खड़ा कर दिया जिसने न सिर्फ उनकी जिंदगी बदल दी बल्कि उनके गांव को भी नई पहचान दिलाई। गुल्फराज का सफर सिर्फ एक स्टार्टअप की कहानी नहीं है यह उस सोच की जीत है जो जाति, धर्म और पूर्वाग्रहों से ऊपर उठकर राष्ट्रनिर्माण में विश्वास रखती है। उन्होंने अपने ब्रांड का नाम रखा ‘मोदी मखाना’ जो आज देश और विदेशों तक पहुंच चुका है। Modi Makhana
टिन शेड से शुरू हुआ सपना
17 सितंबर 2020 जब पूरा देश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मदिन मना रहा था, उसी दिन गुल्फराज ने अपने घर के आंगन में टिन की छत के नीचे एक छोटा-सा मखाने का कारोबार शुरू किया। उस समय शायद किसी ने नहीं सोचा होगा कि यह छोटा सा कदम आने वाले वक्त में ‘मोदी मखाना’ जैसे ब्रांड में तब्दील हो जाएगा। एक मुस्लिम युवक के लिए आज के सामाजिक माहौल में 'मोदी' नाम से ब्रांड खड़ा करना आसान नहीं था। गुल्फराज को भी समाजिक और धार्मिक स्तर पर काफी विरोध झेलना पड़ा, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। गुल्फराज कहते हैं, "मुझे मोदी जी के विजन पर भरोसा था। उन्होंने आत्मनिर्भर भारत की जो बात कही, मैंने उसे सिर्फ सुना नहीं, जिया है।"
आज 'मोदी मखाना' बना इंटरनेशनल ब्रांड
पांच सालों के भीतर गुल्फराज का ब्रांड टिन शेड से निकलकर एक हाईटेक फैक्ट्री में बदल चुका है। आज ‘मोदी मखाना’ बिहार से निकलकर देश के कई राज्यों और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी पहुंच चुका है। उनकी पैकिंग और क्वालिटी प्रीमियम स्तर की है। ब्रांड ने कटिहार को राष्ट्रीय स्तर पर एक नई पहचान दी है। गुल्फराज न सिर्फ खुद आत्मनिर्भर बने बल्कि अपने गांव के दर्जनों लोगों को रोजगार भी उपलब्ध करा रहे हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 75वें जन्मदिन पर गुल्फराज ने एक खास ‘मोदी मखाना’ गिफ्ट पैक तैयार कर पीएमओ भेजा है। यह सिर्फ एक गिफ्ट नहीं, बल्कि आत्मनिर्भरता की प्रतीक श्रद्धांजलि है उस सोच को जिसने उन्हें एक नया रास्ता दिखाया। गुल्फराज की अब एक ही ख्वाहिश है प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात। वे कहते हैं, “अगर मोदी जी मुझे बुलाकर खुद मिलें और मेरा ब्रांड देखें, तो मेरी मेहनत सफल हो जाएगी।" गुल्फराज सिर्फ एक बिजनेसमैन नहीं, वो एक संदेश हैं कि भारत में सपनों की कोई जात-पात नहीं होती। अगर सोच सकारात्मक हो और मेहनत ईमानदार तो कोई मजहब या पहचान आपको रोक नहीं सकती। उनकी कहानी बताती है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विजन सिर्फ नीतियों का दस्तावेज नहीं बल्कि लाखों युवाओं की प्रेरणा है। Modi Makhana