National News : पीएम मोदी 12 सितम्बर को एक्सपो मार्ट में करेंगे आईडीएफ डब्ल्यूडीएस-2022 का उद्घाटन
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 07:27 AM
New Delhi : नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 12 सितम्बर को ग्रेटर नोएडा में आईडीएफ वर्ल्ड डेयरी समिट 2022 का उद्घाटन करेंगे। ‘डेयरी फॉर न्यूट्रिशन एण्ड लिवलीहुड’ यानि पोषण एवं आजीविका के लिए डेयरी विषय पर आधारित इस सम्मेलन में भारतीय एवं विश्वस्तरीय डेयरी उद्योग के विशेषज्ञ, किसान, नीति निर्माता हिस्सा लेंगे।
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह तथा मछलीपालन, पशुपालन एवं डेयरी के लिए केन्द्रीय मंत्री पुरषोत्तम रूपाला भी सम्मेलन को सम्बोधित करेंगे। वर्ष-1974 में भारत द्वारा इंटरनेशनल डेयरी कांग्रेस के आयोजन के बाद पिछले 48 वर्षों से इस सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। इंटरनेशनल डेयरी फेडरेशनल के अध्यक्ष पियर क्रिस्टियानो, आईडीएफ की महानिदेशक मिस कैरोलीन एमंड, आईडीएफ की भारतीय राष्ट्रीय समिति के सचिव एवं राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड के अध्यक्ष मीनेश शाह भी सम्मेलन में मौजूद रहेंगे।
उत्तर प्रदेश देश में सबसे ज्यादा दुग्ध उत्पादन करने वाले राज्यों में से एक है। यह देश के कुल उत्पादन का तकरीबन 15 फीसदी हिस्सा बनाता है। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उद्घाटन समारोह के दौरान सभा को सम्बोधित करेंगे।
चार दिवसीय आईडीएफ डब्ल्यूडीएस 22 से पहले कारोबार बैठकों की एक श्रृंखला का भी आयोजन किया जाएगा। तीन दिनों तक चलने वाली ये बैठकें 9 सितम्बर से शुरू होंगी। बैठकों के दौरान भारत के 8 करोड़ से अधिक छोटे एवं सीमांत डेयरी किसानों (जिनके पास औसतन 2 मवेशी होते हैं) के योगदान पर चर्चा की जाएगी, जिन्होंने सालाना 210 एमटी उत्पादन के साथ भारत को दुनिया के अग्रणी दुग्ध उत्पादक के रूप में स्थापित किया है।
डब्ल्यूडीएस के इस संस्करण की विशेषता यह है कि कार्बन न्यूट्रल पार्टनर जेनिथ एनर्जी के सहयोग से सम्मेलन को कार्बन न्यूट्रल आयोजन के रूप में डिजाइन किया गया है। यह 1903 में अपनी शुरुआत के बाद से पहला आईडीएफ वर्ल्ड डेयरी समिट है, जिसने जलवायु के अनुकूल स्थायी डेयरी उद्योग के प्रति डेयरी सेक्टर की प्रतिबद्धता को दर्शाने के लिए कार्बन न्यूट्रेलिटी को अपनाने का प्रयास किया है।
सम्मेलन के दौरान ‘डेयरी फॉर न्यूट्रिशन एण्ड लिवलीहुड’ विषय पर 24 सत्रों का आयोजन किया जाएगा, जिसमें डेयरी उद्योग से जुड़े विभिन्न पहलुओं को कवर किया जाएगा। इसके अलावा तीन टेक्निकल सत्र भी आयोजित किए जाएंगे। 91 विदेशी एवं 65 भारतीय प्रवक्ताओं सहित कुल 156 प्रवक्ता इन सत्रों को सम्बोधित करेंगे। साथ ही विषय “Innovations across Dairy Value Chain - Aligning with UN SDGs” पर एक पोस्टर सत्र का आयोजन भी होगा।
आईडीएफ डब्ल्यूडीएस 2022 को दुनियाभर से बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिली है। 50 देशों से लगभग 1433 प्रतिभागियों ने सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए नामांकन किया है। यूएसए (29), फ्रांस (36), जर्मनी (25), कनाडा (15) और बेल्जियम(12) से बड़ी संख्या में भागीदारी के लिए पंजीकरण प्राप्त हुए हैं। इसके अलावा, 60 से अधिक प्रख्यात गणमान्य व्यक्तित्व भी सम्मेलन में हिस्सा लेंगे।
यह सम्मेलन विश्वस्तरीय डेयरी सेक्टर की सालाना बैठक है, जिसमें दुनियाभर से तकरीबन 1500 प्रतिभागी हिस्सा लेंगे। इन प्रतिभागियों में डेयरी प्रसंस्करण कंपनियों के सीईओ से लेकर कर्मचारी, डेयरी किसान, डेयरी उद्योग के आपूर्तिकर्ता, अकादमिकज्ञ एवं सरकारी प्रतिनिधि शामिल होंगे।
डब्ल्यूडीएस भारतीय उद्योग को विश्वस्तरीय एक्सपोजर देने का बेहतरीन मंच है, जो भारत की दुग्ध उत्पादक प्रणाली को आकर्षित करने और जागरुकता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। 2500 वर्गमीटर क्षेत्रफल में फैले प्रदर्शनी स्थल में कई गतिविधियां आयोजित की जाएगी। https://idfwds2022.com के माध्यम से पंजीकरण किया जा सकता है। आईडीएफ वर्ल्ड डेयरी समिट उद्योग जगत के विशेषज्ञों को ऐसा मंच प्रदान करेगा, जहां उन्हें अपने विचार प्रस्तुत करने का मौका मिलेगा। यह मंच दुनिया को बताएगा कि किस तरह यह सेक्टर सुरक्षित एवं स्थायी डेयरी प्रथाओं के साथ दुनिया को पोषण प्रदान करने में योगदान दे सकता है।