
Noida News : साइबर हेल्पलाइन मुख्यालय और थाना बिसरख पुलिस द्वारा की गई संयुक्त कार्यवाही के तहत लोगों को लोन दिलाने के नाम पर आनलाइन ठगी करने वाले एक गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। चारों ठग शातिर किस्म के बताएं जाते हैं। उनके कब्जे से पुलिस ने कंप्युटर, लैपटॉप और कई मोबाइल फोन समेत कई अन्य उपकरण बरामद किए हैं।
गौतमबुद्ध नगर पुलिस की मीडिया सेल से मिली जानकारी के अनुसार पुलिस और साइबर सेल को काफी समय से यह शिकायत मिल रही थी कि नोएडा और आसपास के इलाकों में लोगों से आनलाइन लोन दिलाने के नाम पर कुछ लोगों द्वारा ठगी की जा रही है। इन शिकायतों पर कार्यवाही करते हुए साइबर हेल्पलाइन मुख्यालय कमिश्नरेट टीम व थाना बिसरख पुलिस द्वारा एक संयुक्त कार्यवाही की गई। जिसके तहत देर रात गौर सिटी सेंटर की छठीं मंजिल से अश्वनी कुमार उर्फ विश्वजीत कुमार पुत्र दिनेश प्रसाद निवासी डीजी 5/108, देविका गोल्ड सोसाइटी थाना बिसरख गौतमबुद्धनगर, मूल निवासी ग्राम फता पोस्ट अफ्सा थाना वार्सलीगंज नवादा बिहार, बोबी पुत्र धर्मेन्द्र कुमार निवासी चिपियाना उर्फ तिगरी थाना बिसरख मूल निवासी ग्राम मुखराना पोस्ट टिटोली थाना पिलवा जनपद एटा, मोहित सागर पुत्र विनोद कुमार निवासी तिगडी, शंकर फार्महाउस के पास थाना बिसरख गौतमबुद्धनगर मूल निवासी गली नंबर-5 गणेश नगर थाना सुभाष नगर बरेली तथा पवनदेव कुमार उर्फ सत्यम पुत्र अविनाश शंकर सिन्हा निवासी डीजी 5/108, देविका गोल्ड सोसाइटी थाना बिसरख गौतमबुद्धनगर मूल निवासी ग्राम जौहर पोस्ट कुचगांव थाना वार्सलीगंज नवादा बिहार को गिरफ्तार किया है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 2 डेस्कटॉप, 3 लैपटाप, 9 स्मार्ट फोन, 16 की-पैड फोन, 2 प्रिंटर व कालिंग डाटा बरामद किया है। इस संबंध में थाना बिसरख पर धारा 420,34, 120बी तथा 66 आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस द्वारा बताया गया कि अभियुक्तों द्वारा जनता के साथ फोन पर धानी कम्पनी के प्रतिनिधि बनकर कॉल करना और लोन की आवश्यकता वाले लोगों को सस्ती दरों पर धानी कम्पनी से पर्सनल लोन, होम लोन व बिजनेस लोन आदि का लालच देकर फाइल चार्ज, वैरीफिकेशन फीस, लीगल चार्ज आदि के नाम पर बैंक खातों में रुपये डलवा लेते हैं। खाते में पैसा आने के बाद आरोपी ठग लोगों का बाद फोन उठाना बंद कर देते थे।