Noida News : ‘भावी पीढ़ी को तकनीकी कौशल से युक्त बनना होगा’
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 08:32 PM
Noida News : नोएडा । एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ नैनोटेक्नोलॉजी (Amity Institute of Nanotechnology) द्वारा शिक्षकों और शोधार्थियों को नैनोतकनीकी में वर्तमान आधुनिकता और भविष्य के परिपेक्ष्य की जानकारी प्रदान करने के लिए पांच दिवसीय ऑनलाइन शिक्षक विकास कार्यक्रम (Online Teacher Development Program) का आयोजन किया गया है। इस पांच दिवसीय ऑनलाइन शिक्षक विकास कार्यक्रम का शुभारंभ एमिटी विश्वविद्यालय उत्तरप्रदेश की वाइस चांसलर डा (श्रीमती) बलविंदर शुक्ला, एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ एडवांस रिसर्च एंड स्टडीज (मैटेरियल एंड डिवाइसेस) के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा वी के जैन, एमिटी विश्वविद्यालय की साइंस एंड टेक्नोलॉजी की डीन डा सुनिता रतन और एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ नैनोटेक्नोलॉजी के निदेशक डा ओ पी सिन्हा द्वारा किया गया।
सीएसआईआर के प्रगत पदार्थ तथा प्रक्रम अनुसंधान संस्थान (एएमपीआरआई) भोपाल के निदेशक डा अवनीश कुमार श्रीवास्तव ने ‘आत्मनिर्भर भारत- मैटेरियल के परिपेक्ष्य में’ पर व्याख्यान देते हुए कहा कि उद्योगों का विकास 1.0 से 4.0 तक हुआ है। जिसमें प्रथम चरण में 18 वी शताब्दी में मैकेनिकल उत्पादन और द्वितीय चरण में 20 वी शताब्दी के प्रारंभ में बृहद उत्पादन, ततृीय चरण में 1970 से 2000 के मध्य ऑटोमेटेड उत्पादन और चतुर्थ चरण में 2010 के उपरांत डिजिटल परिवर्तन आया है। उन्होनें कहा कि आत्मनिर्भर भारत में मैटेरियल अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे है।
एमिटी विश्वविद्यालय (Amity University) उत्तरप्रदेश की वाइस चांसलर डा (श्रीमती) बलविंदर शुक्ला ने संबोधित करते हुए इस कार्यक्रम के दो प्रमुख उददेश्य है जहां एक ओर यह नैनोतकनीकी के क्षेत्र में आधुनिक जानकारी प्रदान करेगा वही दूसरी ओर शोध और नवाचार के नये अवसर प्रदान करने के साथ आपसी सहयोग के अवसर भी उपलब्ध करायेगा।
एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ एडवांस रिसर्च एंड स्टडीज (मैटेरियल एंड डिवाइसेस) के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा वी के जैन, ने कहा कि एमिटी द्वारा उत्पाद विकास से अंत विषयक तक नैनोतकनीकी के क्षेत्र में बृहद स्तर पर सहयोग किया जा रहा है। बहुविषयक शोध नैनोतकनीकी का एक महत्वपूर्ण भाग है। यह कार्यक्रम अत्यंत प्रभावी ओर परिणाम दायक होगा।