भारत (India) के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) ने नेशनल डिजिटल हेल्थ मिशन का शुभारंभ किया है। पीएम मोदी खुद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए इस कार्यक्रम से जुड़े उन्होंने वर्चुअल मिशन को लॉन्च किया इस मौके पर उन्होंने कहा अब सभी नागरिकों का हेल्थ रिकॉर्ड डिजिटल सुरक्षित रहेगा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन अब पूरे देश के अस्पतालों के डिजिटल हेल्थ सुझाव को एक दूसरे से कनेक्ट करेगा। जिसके तहत देशवासियों को अब एक डिजिटल हेल्थ आईडी मिलेगी जिससे उनका सारा हेल्थ रिकॉर्ड सुरक्षित रहेगा। वह इस कार्यक्रम में पीएम मोदी ने कहा कि इस कोरोना महामारी के दौरान टेलीमेडिसिन का भी अभूतपूर्व विस्तार हुआ है। जिसमें इस संजीवनी के माध्यम से अब तक लगभग सवा सौ करोड़ रिमोट कंसल्टेशन पूरे हुए हैं खास बात यह है कि यह सुविधा हर रोज देश से दूर रहने वाले हजारों देशवासियों को घर बैठे ही शहरों के बड़े अस्पतालों के डॉक्टरों से कनेक्ट कर रही है ।
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी सरकार ने पिछले साल देश के स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने का जो अभियान चलाया था वह आज से एक नए चरण में प्रवेश कर रहा है यह एक ऐसे ही मिशन की शुरुआत है जिसके बाद भारत के स्वास्थ्य सुविधाओं में काफी परिवर्तन आएगा और इससे और इससे स्वास्थ्य सुविधाओं को एक ताकत मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि आज मुझे खुशी है कि आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन भी पूरे देश में शुरू किया जा रहा है इस मिशन के तहत देश में गरीब और मध्यम वर्ग के इलाज में होने वाली दिक्कतों को दूर किया जाएगा और आगे चलकर यह एक बड़ी भूमिका निभाएगा
पीएम ने कहा कि 130 करोड़ आधार नंबर 118 करोड़ मोबाइल सब्सक्राइबर लगभग 80 करोड इंटरनेट यूजर और इसके साथ ही 43 करोड़ जनधन खाते इतना बड़ा कनेक्ट इंफ्रास्ट्रक्चर दुनिया में कहीं नहीं है वहीं उन्होंने कहा कि यह डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर राशन से लेकर प्रशासन तक को तेज और पारदर्शी तरीके से सामान्य भारतीय तक एक एक भारतीय नागरिक के पास समय से पहुंचा रहा है।