जनसुराज पार्टी के नेता और प्रत्याशी प्रशांत किशोर ने पटना के SSP कार्तिकेय शर्मा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। प्रशांत किशोर ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान स्थानीय लोगों को घरों से उठाकर हिरासत में लिया गया।

Prashant Kishore : बांकीपुर उपचुनाव की मतगणना से पहले जनसुराज पार्टी के नेता और प्रत्याशी प्रशांत किशोर ने पटना के SSP कार्तिकेय शर्मा के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। प्रशांत किशोर ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान स्थानीय लोगों को घरों से उठाकर हिरासत में लिया गया। प्रशांत किशोर ने दावा किया कि पटना पुलिस ने जनसुराज पार्टी से जुड़े 54 लोगों को हिरासत में लिया, लेकिन यह स्पष्ट नहीं किया गया कि बीजेपी से जुड़े कितने लोगों पर कार्रवाई हुई। उन्होंने पुलिस से इस मामले में जवाब मांगा है। Prashant Kishore
रविवार को पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान प्रशांत किशोर ने कहा कि पटना एसएसपी कार्यालय की ओर से दावा किया गया था कि बांकीपुर उपचुनाव के दौरान बाहर से आए कुछ लोगों को कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए हिरासत में लिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि वास्तविकता में पुलिस ने पटना के स्थानीय लोगों को उनके घरों से उठाया था। इस दौरान उन्होंने कुछ ऐसे लोगों को भी मीडिया के सामने पेश किया, जिन्होंने पुलिस कार्रवाई को लेकर अपनी बात रखी। प्रशांत किशोर ने यह भी आरोप लगाया कि हिरासत में लेने वाले कई पुलिसकर्मी यूनिफॉर्म में नहीं थे। प्रशांत किशोर ने पटना पुलिस से सवाल किया कि अगर कानून व्यवस्था के नाम पर कार्रवाई हुई तो बीजेपी से जुड़े कितने लोगों को हिरासत में लिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्रवाई एकतरफा रही। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान पुलिस की भूमिका निष्पक्ष होनी चाहिए और सभी दलों के लोगों पर समान कार्रवाई होनी चाहिए। Prashant Kishore
बांकीपुर उपचुनाव की मतगणना से पहले प्रशांत किशोर ने चुनाव आयोग से पटना SSP को प्रक्रिया से दूर रखने की मांग की है। उन्होंने दावा किया कि उनकी पार्टी की ओर से चुनाव आयोग को शिकायत दी गई थी और आयोग ने उन्हें भरोसा दिया है कि मतगणना कार्य में एसएसपी की भूमिका नहीं रखी जाएगी। Prashant Kishore
इससे पहले भी प्रशांत किशोर मुख्य निर्वाची पदाधिकारी से मुलाकात कर पटना एसएसपी की शिकायत कर चुके हैं। उन्होंने आरोप लगाया था कि पुलिस अधिकारियों के जरिए चुनाव को प्रभावित करने की कोशिश की गई। प्रशांत किशोर ने दावा किया था कि मतदान के दौरान मतदाताओं को डराने-धमकाने और दबाव बनाने की शिकायतें मिली थीं। उन्होंने चुनाव अधिकारियों को इन आरोपों से जुड़े सबूत सौंपने की बात भी कही थी। Prashant Kishore
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