
Rajsthan News: जयपुर। क्या आपने कभी सोचा है कि गर्मी के मौसम में सबसे फेवरेट आम और कुल्फी आपकी तबीयत बिगाड़ सकते हैं। यहां तक कि आपको मौत के करीब ले जा सकते हैं। तो आपको थोड़ी हैरानी होगी और ऐसा मुमकिन नहीं लगेगा कि आमरस और कुल्फी इतने जानलेवा हो सकते है लेकिन राजस्थान के 2 शहरों से इसी तरह का घटनाक्रम सामने आया है। जहां आम का रस पीने के बाद कई लोगों की तबीयत बिगड़ी है और आइसक्रीम खाने से तो 24 घंटे के भीतर 3 बच्चों की जान चली गई है। दोनों मामले राजस्थान के डूंगरपुर और नागौर जिले से हैं।
राजस्थान के नागौर जिले के मेड़ता इलाके में 24 घंटे के अंदर तीन बच्चों की आइसक्रीम खाने से मौत की खबर सामने आई। दरअसल मेड़ता इलाके में नायकों की बस्ती में रहने वाले कुछ बच्चों ने रविवार को बस्ती के ही एक दुकानदार से प्लास्टिक के पैकेट में बंद स्टिक वाली आइसक्रीम खरीदी थी। यह आइसक्रीम बस्ती के 5 से 6 बच्चों ने खाई थी। लेकिन आइसक्रीम खाने के बाद कुछ घंटों में बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी। 3 बच्चों की तबीयत बिगड़ी। तीनों में एक जैसे ही लक्षण थे।
सबसे पहले बस्ती में रहने वाला 9 साल का रुपाराम बीमार हुआ। उसके उल्टी दस्त की शिकायत थी। परिवार के लोग उसे नजदीकी जिले अजमेर में ले गए। वहां इलाज शुरू हो पाता इससे पहले ही दोपहर करीब 4:0 बजे रुपाराम की जान चली गई। उसके बाद शाम करीब 6:00 बजे 10 साल की बच्ची को रुपाराम की तरह ही उल्टी दस्त की शिकायत हुई। उसे तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया उसका इलाज चल ही रहा था, कि कुछ देर बाद बस्ती में ही रहने वाली 4 साल की बच्ची लक्ष्मी बीमार होकर अस्पताल लाई गई। दोनों को देर रात जोधपुर के बड़े अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। जहां सोमवार सवेरे दोनों की भी मौत हो गई।
एक साथ तीन बच्चों की मौत होने के बाद हड़कंप मच गया। चिकित्सा विभाग की टीम सवेरे करीब 11:00 बजे तीनों बच्चों के घर पहुंची। उसके बाद उस दुकानदार के यहां से भी सैंपल लिए गए जहां से तीनों बच्चों ने आइसक्रीम खरीदी थी। अब यह पता करने की कोशिश की जा रही है कि क्या तीनों बच्चों ने आइसक्रीम खाने के बाद ही दम तोड़ा है या और कोई वस्तु खाई है। वहीं पीएम कराने के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए है।
डूंगरपुर जिले के राम सागर थाना इलाके में आम रस पीने से एक ही परिवार के कई लोगों की तबीयत खराब हो गई। यह आम रस परिवार के एक सदस्य ने एक रेस्टोरेंट से खरीदा था। दरअसल, इलाके में रहने वाले भंवरलाल लबाना ने 135 रुपये में आम का रस खरीदा था। रात को परिवार के सदस्यों ने यह पिया तो देर रात जसोदा, दुष्यंत, नेहा और भूमिका को उल्टी दस्त की शिकायत हो गई। इनमें 2 बच्चे हैं और 2 बड़े हैं। चारों को देर रात गांव के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। शुरूआती जांच में फूड प्वाइजनिंग की वजह से तबीयत खराब होना सामने आाया है।
सोमवार की सुबह उन्हें छुट्टी मिली। पीड़ितों को घर पहुंचाने के बाद भंवरलाल सीधा उस रेस्टोरेंट पर गया जहां से कल रात उसने आम रस खरीदा था। उसने आम रस के बारे में शिकायत की तो रेस्टोरेंट का मालिक और भंवरलाल दोनों में तनातनी हो गई। झगड़ा सड़क तक आ पहुंचा। लोगों ने जैसे-तैसे मामला शांत किया और बाद में इस बारे में पुलिस को सूचना दी गई।