Ram Mandir : राममंदिर पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला रुकवाने की थी साजिश
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 04:54 AM
नईदिल्ली।सुप्रीम कोर्ट( Supreme Court) के पूर्व मुख्य न्यायधीश रंजन गोगोई (Chief Justice Ranjan Gogoi) ने यह कहकर सनसनी फैला दी है कि राममंदिर और बाबरी मस्जिद विवाद पर शीर्ष न्यायालय का फैसला रोकने के लिए साजिश रची गई थी। यह दावा उन्होंने अपनी आत्मकथा ‘जस्टिस फॉर द जज’ (Justice for the Judge) में किया है।
अपनी आत्मकथा के पेज संख्या 188-189 में उन्होंने लिखा है कि अंतिम सुनवाई के दिन बेंच बैठी थी। तभी करीब साढ़े 11 या 12 बजे के करीब महासचिव ने एक नोट लिखकर भेजा। जिसमें लिखा था कि वादी का प्रतिनिधि कोर्ट में दाखिल होने की मंजूरी मांग रहा है। उन्होंने लिखा कि उस समय जस्टिस बोबडे उनकी दायीं ओर और जस्टिस चंद्रचूड़ दायीं ओर बैठे थे। दोनों ने जानना चाहा कि नोट में क्या लिखा है। जब उन्होंने उन दोनों को नोट की जानकारी दी तो निर्णय लिया गया कि किसी भी कीमत पर किसी को अंदर आने की अनुमति नहीं दी जाएगी। दोपहर के भोजन के बाद एक बार फिर महासचिव ने पूछा कि उस व्यक्ति के बारे में क्या करना है। जस्टिस गोगोई ने कहाकि तब उन्होंने कहाकि उसे दो घंटे और रोका जाय। तीन बजे मामले की सुकनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित कर लिया गया। उन्होंने अपनी आत्मकथा में लिखा कि लग रहा था कि कोर्ट में आने की चाह रखने वाला व्यक्ति किसी तरह हंगामा बरपाकर सुनवाई और फैसला रोकवाने की कोशिश करने वाला था। क्योंकि जो भी वादी होता है,उसे वकील के जरिए पास मिल जाता है। उन्होंने लिखाकि अगर उस व्यक्ति को कोर्ट में आने की अनुमति दे दी जाती तो मामले की सुनवाई शायद टालनी पड़ जाती।