कौन हैं मोहिनी जिसे रतन टाटा ने अपनी संपत्ति का एक तिहाई हिस्सा दे दिया
Ratan Tata
भारत
चेतना मंच
01 Apr 2025 06:43 PM
Ratan Tata : मोहिनी मोहन दत्ता जमशेदपुर के एक व्यवसायी हैं, जिन्होंने ट्रैवल सेक्टर में काम किया है। उनका परिवार 'स्टैलियन' नामक ट्रैवल एजेंसी चलाता था, जिसे 2013 में ताज ग्रुप आॅफ होटल्स की सहायक कंपनी ताज सर्विसेज में विलय कर दिया गया था। दत्ता परिवार की इस एजेंसी में 80% हिस्सेदारी थी, जबकि शेष 20% टाटा इंडस्ट्रीज के पास थी।
साठ के दशक से शुरू हुई दोनों की दोस्ती
मोहिनी मोहन दत्ता और रतन टाटा के बीच संबंध 1960 के दशक की शुरुआत में जमशेदपुर के डीलर्स हॉस्टल में हुई पहली मुलाकात से शुरू हुआ था, जब रतन टाटा 24 वर्ष के थे। इसके बाद से दोनों के बीच 60 वर्षों तक घनिष्ठ संबंध रहे। दत्ता ने अपने करियर की शुरुआत ताज ग्रुप के साथ की और बाद में स्टैलियन ट्रैवल एजेंसी की स्थापना की, जिसे ताज सर्विसेज में विलय किया गया। उन्होंने टीसी ट्रैवल सर्विसेज के निदेशक के रूप में भी कार्य किया, जो थॉमस कुक से जुड़ी एक कंपनी थी।
रतन टाटा की वसीयत में संपत्ति का एक तिहाई हिस्सा दिया गया
रतन टाटा की वसीयत में मोहिनी मोहन दत्ता को उनकी संपत्ति का एक-तिहाई हिस्सा दिया गया है, जिसमें बैंक जमा, पेंटिंग्स और घड़ियों जैसी निजी वस्तुओं की नीलामी से प्राप्त आय शामिल है। दत्ता को उम्मीद है कि उनकी विरासत की कीमत लगभग 650 करोड़ होगी। यह निर्णय टाटा समूह और दत्ता के बीच दशकों से चले आ रहे घनिष्ठ संबंधों को दर्शाता है।
टाटा समूह के साथ संबंध व्यवसाय से परे भी
दत्ता परिवार का टाटा समूह के साथ संबंध व्यवसाय से परे भी है। उनकी एक बेटी ने ताज होटल्स में अपना करियर शुरू करने के बाद लगभग एक दशक तक टाटा ट्रस्ट्स के साथ काम किया। दिसंबर 2024 में मुंबई के एनसीपीए में आयोजित रतन टाटा की जयंती समारोह में भी मोहिनी मोहन दत्ता उपस्थित थे, जहां टाटा के सबसे भरोसेमंद सहयोगी शामिल हुए थे। उन्होंने अपनी मेहनत ईमानदारी और काबिलियत से रतन टाटा का दिल जीत लिया था।