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Noida News: नोएडा उत्तर प्रदेश का प्रसिद्ध शहर है। हर कोई नोएडा के विषय में जानना चाहता है। यहां नोएडा के प्रतिदिन के सभी समाचार अखबारों के हवाले से हम समाचार प्रकाशित करते हैं। नोएडा शहर से प्रकाशित होने वाले समाचार पत्रों में 24 जून को क्या खास समाचार प्रकाशित हुए हैं यहां एक साथ पढऩे को मिलेंगे।
Noida News: समाचार अमर उजाला से
अमर उजाला अखबार ने अपने नोएडा संस्करण में मुख्य समाचार “नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा क्षेत्र में दौड़ेंगी 500 ई-बसें, दो कंपनियों का हुआ चयन” शीर्षक से प्रकाशित किया है। इस समाचार में बताया गया है कि नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में अब सार्वजनिक परिवहन को नई रफ्तार देने की तैयारी अंतिम चरण में पहुंच गई है। यहां की सड़कों पर जल्द ही 500 इलेक्ट्रिक सिटी बसें दौड़ती नजर आएंगी। इस महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए सोमवार को शहरी परिवहन निदेशालय में वित्तीय निविदाएं खोली गईं, जिसमें 9 मीटर और 12 मीटर लंबाई वाली ई-बसों के संचालन के लिए दो एजेंसियों का चयन किया गया। कुल 9 एजेंसियों ने इस परियोजना के लिए टेंडर भरा था, जिनमें से दो एजेंसियों ने सबसे प्रतिस्पर्धी दरें पेश कीं। अब इन दोनों एजेंसियों को परियोजना सौंपी जाएगी, लेकिन उससे पहले तीनों विकास प्राधिकरण – नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यीडा – मिलकर एक संयुक्त विशेष प्रायोजन संस्था (SPV) बनाएंगे। यही SPV आगे की प्रक्रिया को देखेगी और एजेंसियों से करार से पहले दरों में कुछ रियायत पर भी बातचीत कर सकेगी।
परियोजना की अनुमानित लागत करीब 675 करोड़ रुपये है, जिसमें बसों की खरीद, उनके संचालन के संसाधन और अन्य व्यवस्थाएं शामिल हैं। ग्रास कॉस्ट कॉन्ट्रैक्ट (GCC) मॉडल पर संचालित होने वाली इस योजना में एजेंसियां खुद निवेश करेंगी और 72,000 किलोमीटर प्रतिवर्ष प्रति बस के हिसाब से संचालन करेंगी। करार के बाद कंपनियों को बसें सड़कों पर लाने में लगभग चार महीने लगेंगे। इस परियोजना के लिए बनने वाली SPV में नोएडा प्राधिकरण को लीड एजेंसी की भूमिका दी गई है। इसमें नोएडा की हिस्सेदारी 48%, जबकि ग्रेटर नोएडा और यीडा – दोनों की हिस्सेदारी 26-26 प्रतिशत तय की गई है। तीनों प्राधिकरणों ने अपने-अपने स्तर पर SPV गठन की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। यह योजना ना केवल NCR क्षेत्र की सार्वजनिक परिवहन प्रणाली को सुदृढ़ करेगी, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के लिहाज से भी मील का पत्थर साबित हो सकती है।
अमर उजाला अखबार ने अपने नोएडा संस्करण में मुख्य समाचार “हवा में प्लेन तो जमीन पर ई-टैक्सी देगी सुकून” शीर्षक से प्रकाशित किया है। इस समाचार में बताया गया है कि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचाने के लिए प्रीमियम और ऑल इलेक्ट्रिक टैक्सी सेवा मिलेंगी। कैब और टैक्सी के लिए टर्मिनल और टर्मिनल के बाहर क्योस्क बनाए जा रहे हैं। हवाई अड्डे पर ईको फ्रेंडली वातावरण के लिए कंपनियों का जोर इलेक्ट्रिक टैक्सी पर अधिक है।
नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अलावा उत्तर प्रदेश के बड़े शहरों, दिल्ली, हरियाणा, उत्तराखंड, राजस्थान तक जाने के लिए अलग-अलग तरह के 24 घंटे बेहतर परिवहन के इंतजाम किए जा रहे हैं। अंतरराज्यीय बसों के अलावा प्रीमियम और साधारण इलेक्ट्रिक और नॉन इलेक्ट्रिक टैक्सी सेवा के लिए नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा (एनआईए) अनुबंध कर रहा है। अब तक एनआईए ने हवाई अड्डे से उड़ान भरने वाले यात्रियों के लिए एनआई ब्रांडेड प्रीमियम ऑल-इलेक्ट्रिक टैक्सी सेवा के लिए महिंद्रा मोबिलिटी लॉजिस्टिक्स के साथ भागीदारी की है। इसके अलावा ऑनलाइन टैक्सी सेवा देने वाली उबर कंपनी के साथ भी भागीदारी की है। जहां महिंद्रा कैब्स के पास यात्री टर्मिनल बिल्डिंग के अंदर एक कियोस्क बनाया जा रहा है। वहीं, उबर पिक-अप जोन के साथ कर्बसाइड (टर्मिनल के बाहर) पर एक कियोस्क स्थापित कर रहा है। दोनों क्योस्क में हेल्प डेस्क और मार्गदर्शन मिलेगा। साथ ही मौके पर ही गंतव्य तक जाने के लिए बुकिंग की जाएगी। उबर टैक्सी गेट से लेकर उबर पिकअप जोन तक आएंगी।
Hindi News:
अमर उजाला ने 24 जून 2025 के अंक में प्रमुख समाचार “लुहारली टोल प्लाजा पर जाम में फंसीं दो एंबुलेंस, वीडियो वायरल” शीर्षक से प्रकाशित किया है। इस समाचार में बताया गया है कि कोतवाली दादरी क्षेत्र के जीटी रोड स्थित लुहारली टोल प्लाजा पर वाहनों की लंबी लाइन लगने के चलते दो एंबुलेंस जाम में फंस गईं। इसका वीडियो वायरल हो रहा है। सायरन बजाने के बाद भी एंबुलेंस को नहीं निकला जा सका। दादरी स्थित जीटी रोड पर लुहारली गांव - के समीप टोल प्लाजा बना है। टोल प्लाजा - पर दोनों तरफ से वाहनों को टोल टैक्स देने के बाद ही पास किया जाता है। सोमवार को सुबह के समय टोल पर वाहनों की लंबी लाइन लग गई। जिसे टोल बूथ पर तैनात कर्मचारी लापरवाही से वाहनों को निकाल रहे थे। इसी दौरान दो एंबुलेंस आगे पीछे टोल पर आकर वाहनों की लंबी लाइन में फंस गई और सायरन बजने लगी। सायरन बजाने के बाद उनको नहीं निकाला गया। कर्मचारी के लापरवाही के चलते एंबुलेंस जाम में फंसी रही। काफी देर बाद किसी तरह एंबुलेंस को निकाला गया। टोल प्लाजा पर दो एंबुलेंस जाम में फंसने की वीडियो वायरल हो गया है। वीडियो में साफ नजर आ रहा है। सायरन बजाने के बाद भीं जाम खोलने का नाम नहीं ले रहा है। टोल मैनेजर रजनीकांत द्विवेदी का कहना है कि टोल प्लाजा पर एंबुलेंस व वीआईपी के निकलने के लिए एक बूथ लाइन को अलग रखा गया है। टोल पर वाहनों की लाइन में फंसे एंबुलेंस की जांच करं कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
Noida News: समाचार दैनिक जागरण से
दैनिक जागरण के नोएडा संस्करण में 24 जून 2025 का प्रमुख समाचार “सजी सब्जी मंडी से लगता जाम, एंबुलेंस के लिए भी नहीं बचता रास्ता” शीर्षक से प्रकाशित किया गया है। इस समाचार में बताया गया है कि दिन निकलने से पहले ही कस्बे के नगर पंचायत क्षेत्र में लगने वाली सब्जी मंडी सड़क पर संजनी शुरू हो जाती है। सड़क की 'कच्ची पटरी तक विक्रेता फल और सब्जी की दुकानें सजा देते हैं। लोग पक्की सड़क पर खड़े होकर खरीदारी करते हैं, जिसके चलते जेवर टप्पल मार्ग पर सुबह चार बजे से आठ बजे तक लोगों को जाम से जूझना पड़ता है। इस दौरान आम लोगों की परेशानी के अलावा जेवर के इकलौते बड़े अस्पताल आने जाने वाली एंबुलेंस तक के लिए रास्ता नहीं बचता। लोगों की बढ़ती परेशानी के बावजूद नगर पंचायत, पुलिस और प्रशासन इसका स्थायी समाधान नहीं कर पा रहे हैं। जेवर में फल व सब्जी के लिए कोरोना काल से पहले कस्बे के अंदर मेन बाजार में मंडी लगती थी। कोराना काल में एक दूसरे में दूरी बनाए रखने के लिए मंडी को कस्बे के बाहरी हिस्से टप्पल रोड पर लगाना शुरू कर दिया। थोक फल व सब्जी बेचने वाले कुछ व्यापारियों ने अपनी दुकानें किराये पर लेकर सड़क से दूर समान बेचना शुरू किया लेकिन धीरे-धीरे कुछ लोग ज्यादा बिक्री के लालच में सड़क की तरफ बढ़ते चले गए। वर्तमान में हालात ये हैं कि सुबह चार बजे से ही जेवर टप्पल मार्ग पर फल व सब्जी की दुकानें सड़क पर ही लगनी शुरू हो जाती हैं। भीड़ की वजह से इस मार्ग से गुजरने वाले वाहनों के निकलने के लिए रास्ता नहीं बच पाता, जिसकी वजह से जाम लग जाता है। पलवल, गुरुग्राम व अलीगढ़ की तरफ आने-जाने वाले लोगों को घंटों जाम का सामना करना पड़ता है। साथ ही यमुना एक्सप्रेसवे या जेवर क्षेत्र में इमरजेंसी के हालात में जेवर के इकलौते बड़े अस्पताल में लोग अपनी निजी गाड़ियों और एंबुलेंस से मरीजों को लेकर दौड़ते हैं, लेकिन यहां आकर उन्हें भी अस्पताल पहुंचने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। यमुना एक्सप्रेसवे पर सुबह के समय होने वाले हादसों के बाद राहत व बचाव के लिए इसी रास्ते से एंबुलेंस आती जाती हैं, लेकिन जाम से मरीजों को लाने ले जाने में उन्हें भी परेशानियों होती है।
दैनिक जागरण के नोएडा संस्करण में प्रमुख समाचार “आइसीयू में भर्ती महिला मरीज से यौन शोषण, गिरफ्तार” शीर्षक से प्रकाशित किया गया है। इस समाचार में बताया गया है कि शास्त्री पार्क स्थित जग प्रवेश चंद्र अस्पताल में सोमवार सुबह एक महिला मरीज के साथ यौन शोषण का मामला सामने आया है। 23 वर्षीय-युवती आइसीयू में दो दिनों से भर्ती थी। वह रात में किसी वक्त आइसीयू से डाक्टर व कर्मचारियों को बिना बताए निकल गई। किसी ने उसे देखा ही नहीं। अस्पताल की ओपीडी में दिखाने आए एक मरीज ने पंजीकरण ब्लाक के पास दिनदहाड़े युवती का यौन शोषण किया। सूत्रों का दावा है कि युवती अर्धनग्न हालत में मिली। इस वारदात ने अस्पताल की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अस्पताल से चंद दूरी पर उस्मानपुर व शास्त्री पार्क थाना है। उस्मानपुर थाना ने यौन शोषण का केस दर्ज कर आरोपित खजूरी क्षेत्र निवासी मोहम्मद फैज को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं युवती को जग प्रवेश चंद्र अस्पताल से जीटीबी रेफर कर दिया गया है। इस मामले में अस्पताल प्रबंधन ने चुप्पी साध ली है। वहीं उत्तर पूर्वी जिला पुलिस के उपायुक्त आशीष मिश्रा का कहना है कि पुलिस ने केस दर्ज करके आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि शनिवार रात को पुलिस को सोनिया विहार क्षेत्र में बेहोशी की हालत में एक युवती सड़क किनारे मिली थी। पुलिस ने उसे जग प्रवेश चंद्र अस्पताल में भर्ती करवा दिया था। उसके परिवार को पुलिस ढूंढ रही है। वहीं युवती मानसिक रूप से कमजोर है। इसलिए अस्पताल प्रबंधन ने उसे दूसरी मंजिल स्थित आइसीयू में भर्ती किया था। रविवार रात को युवती डाक्टर व कर्मचारियों को बिना बताए आइसीयू से बाहर चली गई थी। वह, अस्पताल परिसर में ही घूम रही थी। सोमवार सुबह आरोपित मोहम्मद फैज अस्पताल की ओपीडी में दिखाने के लिए आया था। युवती उसे ओपीडी पंजीकरण ब्लाक के पास अकेली मिली। आरोप है युवती को अकेला पाकर आरोपित ने उसका यौन शोषण किया। युवती जब अर्धनग्न हालत में अस्पताल में मिली तो हड़कंप मच गया। आरोपित वारदात के बाद फरार हो गया। युवती को अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती कराकर पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने केस दर्ज किया और सीसीटीवी कैमरों के फुटेज से आरोपित की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में अस्पताल की अधीक्षक डा. सुषमा जैन को काल व मैसेज करके पूछा गया कि अस्पताल हुई वारदात पर प्रबंधन का क्या कहना है। सुरक्षा गार्ड होने के बाद भी अस्पताल में इतनी बड़ी वारदात कैसे हो गई। कैसे एक मानसिक रोगी मरीज आइसीयू से बाहर पहुंच गई, किसी को पता नहीं चला, लेकिन उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।
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