
Shraddha Murder Case: श्रद्धा हत्याकांड इस समय सुर्खियां बना हुआ है। इस हत्याकांड में आरोपी आफताब ने अपनी गर्लफ्रेंड के 35 टुकड़े करके जंगल में फेंक दिया था, वहीं हम आपको बताते हैं कि इससे भी वीभत्स हत्याकांड देहरादून में हो चुका है। देहरादून निवासी अनुपमा की हत्या करके उसके शरीर के 72 टुकड़े गिए गए थे। इस हत्याकांड को अनुपमा के पति राजेश गुलाटी ने अंजाम दिया था।
श्रद्धा के लिव इन पार्टनर आफताब अमीन ने हत्या कर उसके शरीर के 35 टुकड़े करने की बातों का कबूला है। आफताब अमीन श्रद्धा से साल 2019 में डेटिंग ऐप के जरिए मिला था। उसी साल से आफताब श्रद्धा के साथ लिव इन रिलेशनशिप में रह रहा था। आफताब ने मई में श्रद्धा का गला घोंटकर हत्या की थी और उसके शरीर के 35 टुकड़े कर उसको अपने घर के फ्रीज में रखा था और फिर धीरे-धीरे कर उसने दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में इसको एक-एक कर फेंका। जिस तरह की वारदात को आफताब ने अंजाम दिया। इसी तरह का एक जघन्य वारदात देहरादून में हो चुका है।
ये घटना भी आपको झकझोर देगी 2010 में देहरादून में इंजीनियर राजेश गुलाटी ने बेरहमी से अपनी पत्नी अनुपमा गुलाटी की हत्या की दी थी। उसने घर में ही इलेक्ट्रिक आरी से शव के 72 टुकड़े किए। इन्हें बड़े फ्रीजर में डाला और धीरे-धीरे कर शव के टुकड़े जंगल में फेंकता गया। यह घटना कैंट कोतवाली क्षेत्र में 11 दिसंबर 2010 को सामने आई थी। सॉफ्टवेयर इंजीनियर राजेश गुलाटी मूल रूप से नई दिल्ली का रहने वाला है और देहरादून में एक मकान में पत्नी अनुपमा और दो बच्चों के साथ रहता था। 17 अक्टूबर 2010 को अनुपमा अचानक लापता हो गई। बच्चे जब भी राजेश से मां के बारे में पूछते तो वह कहता कि उनकी मां नाना-नानी के घर गई हुई है। करीब दो माह तक ऐसे ही चलता रहा।
11 दिसंबर 2010 को अनुपमा का भाई राजेश के आवास पर आया तो उसे घर में नहीं घुसने दिया गया। भाई ने जब पुलिस को सूचना दी तो पुलिस ने एक कमरे में रखे डीप फ्रीजर से अनुपमा गुलाटी के लाश के टुकड़े बरामद किए। चार माह की विवेचना के बाद पुलिस ने राजेश को हत्या का आरोपी बताते हुए अदालत में चार्जशीट दाखिल की। आरोप पत्र में पुलिस ने बताया कि अनुपमा और राजेश में अक्सर झगड़ा होता था। 17 अक्टूबर 2010 की रात भी दोनों में मारपीट हुई। इस दौरान अनुपमा के सिर पर बेड का कोना लग गया और वह बेहोश हो गई। इसके बाद राजेश ने मुंह पर तकिया रखकर उसकी हत्या कर दी।
आरोप पत्र के अनुसार अगले दिन राजेश ने बाजार से 20 हजार रुपये में डीप फ्रीजर खरीदा और लाश उसमें छुपा दी। जब खून जम गया तो राजेश ने बाजार से पत्थर काटने वाला ग्राइंडर व आरी खरीदी और उनसे लाश के टुकड़े किए। लाश को ठिकाने लगाने के लिए उसने तीन बार में कुछ टुकड़े पॉलीथिन में करके मसूरी में पहाड़ी से नीचे फेंके। वह धीरे धीरे यह कार्य कर रहा था ताकि किसी को शक न हो, मगर इसी बीच उसका भेद खुद गया। राजेश ने अनुपमा से 10 फरवरी 1999 को लव मैरिज की थी। दोनों के बीच 1992 से अफेयर चल रहा था। इनके जुड़वा बच्चे थे। देहरादून कोर्ट ने राजेश गुलाटी को 1 सितम्बर 2017 को आजीवन कारावास की सजा सुनवाई और 15 लाख रुपए का अर्थदंड भी लगाया।