देश में मतदाता सूची को पूरी तरह सटीक और पारदर्शी बनाने के मिशन के तहत भारतीय चुनाव आयोग ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR 2.0) का दूसरा चरण शुरू कर दिया है। यह महाअभियान अब 9 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में एक साथ चलाया जा रहा है, जिसके ज़रिए लगभग 51 करोड़ नागरिकों की वोटर पहचान और पात्रता की गहन जांच की जाएगी। आयोग का लक्ष्य है कि हर योग्य मतदाता को सूची में जगह मिले और हर फर्जी नाम को हटाया जाए।” यह सिर्फ एक तकनीकी कवायद नहीं, बल्कि लोकतंत्र की नींव को और मजबूत करने की दिशा में उठाया गया ऐतिहासिक कदम है। SIR 2.0
