थलपति विजय की रैली में मौत का सन्नाटा, 38 जानें गईं, सवाल बरकरार
भारत
चेतना मंच
02 Dec 2025 01:08 AM
तमिलनाडु के करूर में शनिवार को एक राजनीतिक रैली अचानक मातम में बदल गई जब टीवीके प्रमुख और अभिनेता से राजनेता बने थलपति विजय की सभा में मची भगदड़ ने 38 लोगों की जान ले ली। इस हादसे में दर्जनों लोग घायल भी हुए जिनमें महिलाएं और बच्चे शामिल हैं। कई लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है। Vijay Rally Stampede
क्या हुआ करूर में?
करीब 1 लाख लोगों की भीड़ विजय की पहली बड़ी रैली में उमड़ी थी। भीड़ का उत्साह इतना अधिक था कि सुरक्षा व्यवस्था धीरे-धीरे जवाब देने लगी। इसी दौरान एक 9 साल की बच्ची के गुम होने की सूचना आई। बच्ची को ढूंढने की कोशिशों में लोग अचानक एक ही दिशा में भागने लगे जिससे भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। रिपोर्टों के मुताबिक, भगदड़ इतनी तेज थी कि कई लोग जमीन पर गिर पड़े और कुचले गए। मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मी भीड़ को नियंत्रित नहीं कर पाए।
विजय ने बीच में रोका भाषण
जैसे ही स्थिति बिगड़ती दिखी विजय ने मंच से अपना भाषण बीच में रोक दिया और माइक से भीड़ को शांत रहने की अपील की। उन्होंने कहा, "पुलिस टीम कृपया मदद करें... एम्बुलेंस को रास्ता दें।" विजय ने स्वयं कार्यकर्ताओं से कहा कि वे पानी की बोतलें वितरित करें और घायलों की मदद करें। हालात ऐसे बन गए कि कई लोगों को बिना देरी के एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचाया गया लेकिन भीड़ के चलते इस कार्य में बाधा भी आई।
मुख्यमंत्री एमके स्टालिन की त्वरित प्रतिक्रिया
राज्य के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने इस घटना पर गहरा दुख जताया और कहा कि स्थिति बेहद चिंताजनक है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि घायलों को तुरंत इलाज मिले और किसी भी निजी अस्पताल में उनसे पैसे न लिए जाएं। स्टालिन ने तिरुचिरापल्ली, करूर और आसपास के जिलों के मंत्रियों, अधिकारियों और डॉक्टरों से त्वरित राहत कार्य में जुटने का निर्देश दिया। साथ ही एक न्यायिक जांच आयोग के गठन की बात भी सामने आई है।
पूर्व मुख्यमंत्री और एआईएडीएमके महासचिव ई. पलानीस्वामी ने इस घटना को दिल दहला देने वाला करार दिया। उन्होंने कहा, "38 लोगों की मौत और दर्जनों का बेहोश हो जाना किसी भी रैली के लिए शर्मनाक स्थिति है। मैं शोकसंतप्त परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना प्रकट करता हूं।" पलानीस्वामी ने अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं को अस्पताल जाकर घायलों की मदद करने का निर्देश दिया। पूर्व मंत्री एमआर विजयभास्कर को मौके पर जाकर हालात का जायजा लेने को कहा गया। यह घटना ऐसे समय पर हुई है जब विजय राजनीति में सक्रिय रूप से कदम रख रहे हैं और उनकी पार्टी TVK को 2026 के विधानसभा चुनावों की तैयारियों के लिए व्यापक समर्थन मिल रहा है। हालांकि, करूर की इस दुखद घटना ने उनकी रैली और प्रबंधन व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। Vijay Rally Stampede