Tripura ने रचा इतिहास! बना भारत का तीसरा Fully Literate राज्य, जानिए पहले दो कौन?
भारत
चेतना मंच
27 Nov 2025 12:19 AM
Tripura की ऐतिहासिक उपलब्धि: Tripura ने शिक्षा के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान स्थापित करते हुए खुद को भारत का तीसरा पूर्ण साक्षर राज्य घोषित किया है। इससे पहले मिज़ोरम और गोवा इस सूची में शामिल हो चुके हैं। यह घोषणा देश की साक्षरता यात्रा में एक महत्वपूर्ण पड़ाव मानी जा रही है।
कैसे तय होता है 'Fully Literate' राज्य?
संयुक्त राष्ट्र की संस्था UNESCO के अनुसार, किसी राज्य की साक्षरता दर जब 95 प्रतिशत से अधिक हो जाती है, तो उसे 'पूर्ण साक्षर' घोषित किया जाता है। भारत में यह मानक अपनाते हुए हाल ही में Tripura को भी इस सूची में शामिल किया गया है।
आंकड़ों में Tripura की छलांग
Periodic Labour Force Survey (PLFS) द्वारा जारी 2023-24 के आंकड़ों के मुताबिक, Tripura की साक्षरता दर पहले 93.7% थी। राज्य में केवल 23,184 लोग ही अशिक्षित थे। इसके बाद, केंद्र सरकार की ULLAS (Understanding Lifelong Learning for All in Society) योजना के प्रभावशाली क्रियान्वयन से यह दर बढ़कर 95.6% हो गई, जिससे Tripura को पूर्ण साक्षर राज्य का दर्जा मिला।
'ULLAS' योजना बनी गेम चेंजर
ULLAS यानी Understanding Lifelong Learning for All in Society और 'New India Literacy Programme' के ज़रिए शिक्षा को जमीनी स्तर तक पहुँचाया गया। इस योजना ने वयस्क शिक्षा, ग्राम स्तर पर अभियान, और स्थानीय सहभागिता के ज़रिए साक्षरता को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया।
मुख्यमंत्री का बयान
Tripura के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने इस उपलब्धि पर गर्व जताते हुए कहा, "कई चुनौतियों के बावजूद, राज्य की साक्षरता दर में निरंतर सुधार हुआ है। 2001 में यह दर केवल 73.66% थी, जो 2011 में बढ़कर 87.22% और अब 2024 में 95.6% तक पहुँच गई है। यह हर त्रिपुरा वासी की जीत है।"
Tripura की यह उपलब्धि यह दर्शाती है कि यदि नीति, प्रयास और भागीदारी सही दिशा में हों, तो कोई भी राज्य साक्षरता की मिसाल बन सकता है। अब देश की निगाहें इस ओर हैं कि अगला पूर्ण साक्षर राज्य कौन होगा।
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