
Tusyana land case: प्रयागराज / ग्रेटर नोएडा। करोड़ों रुपए के तुस्याना भूमि घोटाले के मामले में जेल में बंद भाजपा MLC के भाई कैलाश भाटी ने अपने वकीलों के जरिए प्रयागराज हाई कोर्ट में जमानत के लिए अर्ज़ी दाखिल की है। इस जमानत याचिका पर सुनवाई के लिए फिलहाल कोई तारीख मुकर्रर नहीं हुई है।
गौरतलब है कि ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र में आने वाले तुस्याना गांव की 175 बीघा सरकारी जमीन को सांठगांठ कर प्राधिकरण को एक्वायर कराया गया और इसके बदले में मिलने वाली मुआवजे की मोटी रकम को आरोपियों ने डकार लिया। सिंडिकेट इतना मजबूत था कि किसानों को अधिकृत जमीन के बदले मिलने वाली 6% विकसित भूमि के प्लॉट भी माफियाओं ने अपने प्रभाव के दम पर व्यवसायिक स्थलों पर अलॉट करा लिए। जिस समय इन भूखंडों का अलॉटमेंट हुआ उस समय कैलाश भाटी ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण में प्रबंधक के पद पर तैनात था। उसी के हस्ताक्षर के जरिए इन 6% के भूखंडों की रजिस्ट्री आरोपियों के नाम हुई थी।
इस मामले का भंडाफोड़ होने के बाद सरकार ने एक विशेष जांच कमेटी SIT गठित की। जिसने तथ्यों के आधार पर जांच करते हुए कैलाश भाटी और उसके दो सहयोगियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया तीनों आरोपी जिला कारागार गौतम बुध नगर मैं बंद है।
जिला अदालत से कैलाश भाटी की जमानत याचिका नामंजूर कर दी गई थी। अब कल दो दिसंबर को कैलाश भाटी ने अपने वकीलों के जरिए प्रयागराज हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया हैl उनके वकीलों ने जमानत याचिका दायर कर दी हैl लेकिन अभी सुनवाई की तारीख मुकर्रर नहीं हुई है । कैलाश भाटी भारतीय जनता पार्टी के विधान परिषद सदस्य नरेंद्र भाटी का भाई है।