UP Crime News : यूपी पुलिस पर एक और दाग : पिटाई से बिजली विभाग के कर्मचारी की मौत !
Another stain on UP Police: Electricity department employee dies due to beating!
भारत
चेतना मंच
30 Nov 2025 04:38 PM
Lucknow : लखनऊ। यूपी पुलिस पर एक और दाग लग गया। प्रदेश के गोंडा जिले में अब एक युवक की पुलिस हिरासत में मौत हो गई। आरोप है कि पुलिस की पिटाई से युवक की मौत हुई है। घटना गोंडा जिले के नवाबगंज थाने का है। एसपी आकाश तोमर ने एक उपनिरीक्षक और सात कांस्टेबल को सस्पेंड कर दिया।
जानकारी के मुताबिक नवाबगंज थाना क्षेत्र के चौहान पुरवा निवासी एक झोलाछाप डाक्टर राजेश चौहान की बीते दिनों सोते समय रात में गला रेत कर हत्या कर दी गई थी। इस मामले की जांच कर रही पुलिस व एसओजी टीम ने इलेक्ट्रानिक सर्विलांस के आधार पर इसी थाना क्षेत्र के माझा राठ गांव निवासी बिजली विभाग में आउटसोर्सिंग के जरिए कार्यरत लाइनमैन देव नारायण यादव उर्फ देवा को पूछताछ के लिए 14 सितंबर को थाने में बुलाया था। देवा को लेकर उसके पिता राम बचन यादव अपने दामाद ग्राम प्रधान राधेश्याम यादव के साथ थाना गए थे।
मृतक के पिता रामबचन का आरोप है कि उनके पहुंचते ही पुलिसकर्मी देवा की पिटाई करने लगे। पिटाई का विरोध करने पर उन्हें दूसरे कमरे में बैठा दिया गया। इसके कुछ देर बाद बताया गया कि देवा बेहोश हो गया है और उसे अस्पताल ले जाया जा रहा है। इस जानकारी के बाद जब हम लोग जिला अस्पताल पहुंचे तो उसका शव लेकर पुलिस पहुंची।
पिता का यह भी आरोप है कि पुलिस पिटाई से ही उसके बेटे की मौत हुई है। इस मामले में नवाबगंज थाने के प्रभारी तेज प्रताप सिंह व चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इसी मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए एसपी आकाश तोमर ने थानाध्यक्ष तेज प्रताप सिंह व एसओजी प्रभारी अमित यादव को निलंबित कर दिया था। घटना के दूसरे दिन पोस्टमार्टम के बाद जब शव नवाबगंज पहुंचा तो वहां मौजूद लोगों का आक्रोश फूट पड़ा। सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन कर रहे लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और पुलिस के 8 वाहनों को तोड़ डाला। भीड़ ने एक एंबुलेंस को निशाना बनाया। वरिष्ठ अधिकारियों के आश्वासन के बाद किसी तरह प्रदर्शनकारी शांत हुए।
दूसरी ओर, पुलिस ने अलग-अलग लोगों की तहरीर पर प्रदर्शनकारियों के खिलाफ चार मुकदमे दर्ज किए हैं। इस बीच सेना में कार्यरत मृतक देवा का छोटा भाई राम नारायण घर पहुंचा और उसने मिलिट्री अस्पताल में पोस्टमार्टम कराए जाने की मांग की।
रविवार को पुलिस अधीक्षक आकाश तोमर ने एक और कार्रवाई करते हुए एक दरोगा व सात पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। इस मामले में अब तक निलंबित किए गए पुलिसकर्मियों की संख्या 10 हो गई है। निलंबित किए गए पुलिसकर्मियों में उपनिरीक्षक आलोक सर्विलांस सेल गोंडा, हेड कांस्टेबल मिथिलेश थाना नवाबगंज, आरक्षी धर्मेंद्र, आरक्षी मनोज नवाबगंज, हेड कांस्टेबल राकेश सिंह, अरुण यादव, आरक्षी आदित्य पाल और अमित पाठक शामिल हैं।