नोएडा। उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव (Assembly Election )को लेकर आम आदमी पार्टी (AamAdmi Party)तथा समाजवादी पार्टी(Samajwadi party) के बीच चुनावी गठबंधन नहीं होगा। आम आदमी पार्टी के शीर्ष नेताओं ने अनौपचारिक बातचीत में दबी जुबान से इस बात को स्वीकार भी किया है।
‘आप’ के नेताओं ने गठबंधन न होने की प्रमुख वजह सांगठनिक अपेक्षाओं तथा सीटों के तालमेल पर सहमति न होना बताया। बता दें कि आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सदस्य तथा उत्तर प्रदेश के प्रभारी संजय सिंह ने गठबंधन को लेकर दो बार समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से वार्ता की, लेकिन नतीजा सिफर रहा।
इस मामले पर पूछने पर आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता तथा दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसौदिया ने औपचारिक तौर पर गोल मटोल जवाब देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में आप का गठबंधन किसी राजनीतिक दल से नहीं बल्कि जनता के साथ है। चुनाव में इसके बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे।
आप के वरिष्ठ नेता तथा उत्तर प्रदेश के प्रभारी संजय सिंह ने गठबंधन को लेकर सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से वार्ता के संबंध में कहा कि यह अनौपचारिक वार्ता थी। जिसमें प्रदेश से भाजपा सरकार को उखाड़ फेंकने के संबंध में चर्चा हुर्ई थी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में हर विपक्षी दलों का एक ही मकसद है कि प्रदेश से भाजपा के कुशासन को कैसे समाप्त किया जाए।
बता दें कि कल अनौपचारिक बातचीत में आम आदमी पार्टी के एक शीर्ष नेता ने माना कि सीटों के लिए समाजवादी पार्टी के साथ सहमति नहीं हो पा रही है इसलिए गठबंधन होना फिलहाल संभव नहीं प्रतीत हो रहा है।