सस्ती हुई Triber पर टूट पड़े खरीदार, 2 लाख गाड़ियां बिकीं
ट्राइबर पिछले साढ़े छह साल से रेनो इंडिया के लिए सबसे बेहतरीन परफॉर्मर साबित हो रही है। उद्योग के आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी 2026 के अंत तक भारत में ट्राइबर की कुल 2,00,253 यूनिट्स की बिक्री हो चुकी है।

Renault Triber : भारतीय कार बाजार में अपनी वापसी की रणनीति पर काम कर रही फ्रांसीसी कार कंपनी रेनो (Renault) के लिए यह समय बेहद उत्साहवर्धक है। एक तरफ कंपनी अपनी नई डस्टर एसयूवी को लेकर चर्चा में है, वहीं दूसरी ओर उसकी लोकप्रिय एमपीवी 'ट्राइबर' (Triber) ने बिक्री के मोर्चे पर एक बड़ी मील का पत्थर पार कर लिया है। किफायती दाम, फैमिली फ्रेंडली डिजाइन और 7 सीटों का मिलना इस कार को भारतीय ग्राहकों की पसंद बनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
GST 2.0 का फायदा, घटी कीमतें
रेनो ने पिछले साल जुलाई में ट्राइबर के फेसलिफ्ट मॉडल को लॉन्च किया था, जिसकी शुरुआती कीमत 6.30 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) थी। हालांकि, जीएसटी 2.0 लागू होने के बाद कंपनी ने इसकी कीमतों में भारी कटौती की। इसकी शुरुआती कीमत घटाकर 5.76 लाख रुपये कर दी गई, जिसका सीधा असर बिक्री पर पड़ा। इस कदम ने खरीदारों को लुभाया और नतीजा यह रहा कि अब तक इस 7-सीटर कार की कुल 2 लाख से ज्यादा यूनिट्स बिक चुकी हैं।
2 लाख से ज्यादा यूनिट्स की बिक्री
अगस्त 2019 में अपनी शुरुआत करने वाली ट्राइबर पिछले साढ़े छह साल से रेनो इंडिया के लिए सबसे बेहतरीन परफॉर्मर साबित हो रही है। उद्योग के आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी 2026 के अंत तक भारत में ट्राइबर की कुल 2,00,253 यूनिट्स की बिक्री हो चुकी है। वहीं, घरेलू मांग के अलावा इस कार की दुनियाभर में भी अच्छी पकड़ है। दिसंबर 2025 तक इसकी 34,238 यूनिट्स का निर्यात भी किया जा चुका है। यह कार हैचबैक जैसी कीमत पर एमपीवी की सुविधा देती है, जिसके चलते फैमिली खरीदारों में इसकी मांग लगातार बनी हुई है।
6 साल बाद मिला शक्तिशाली अपडेट
ट्राइबर की मांग में हाल ही में आई तेजी का सबसे बड़ा कारण 23 जुलाई 2025 को लॉन्च किया गया नया मॉडल है। छह साल बाद मिले इस पहले बड़े अपडेट में कार का लुक पूरी तरह बदल दिया गया है। नए मॉडल में नए हेडलैंप, एलईडी डीआरएल, स्लिम ग्लॉस ब्लैक ग्रिल और नया डायमंड लोगो दिया गया है, जो इसे पहले से कहीं ज्यादा आधुनिक और आकर्षक बनाता है।
शक्तिशाली इंजन और बेहतर माइलेज
नई रेनो ट्राइबर में 1.0 लीटर, तीन सिलेंडर पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 72 बीएचपी की पावर और 96 न्यूटन मीटर का टॉर्क उत्पन्न करता है। इसे मैनुअल और एएमटी दोनों तरह के गियरबॉक्स के विकल्पों के साथ खरीदा जा सकता है। माइलेज के मामले में भी यह कार बेहतर प्रदर्शन करती है और 19.59 से 19.76 किलोमीटर प्रति लीटर तक का माइलेज देती है। इसके अलावा, खरीदारों को डीलर लेवल पर सीएनजी किट फिट करवाने का भी विकल्प मिलता है, जिस पर फैक्ट्री वारंटी भी मिलती है।
फीचर्स से लैस, सेफ्टी का ख्याल रखा गया
अंदरूनी हिस्से में भी इस कार को काफी आधुनिक बनाया गया है। इसमें नए लोगो वाला स्टीयरिंग व्हील, ब्लैक और ग्रे कलर की अपहोल्स्ट्री और 8-इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम (ऐप्पल कारप्ले और एंड्रॉएड ऑटो सपोर्ट) दिया गया है। फीचर्स के तौर पर इसमें क्रूज़ कंट्रोल, ऑटो वाइपर, ऑटो हेडलैंप और ऑटो फोल्ड आउट साइड रियर व्यू मिरर (ORVMs) जैसी सुविधाएं हैं।
सुरक्षा के मामले में कंपनी ने कोई कोताही नहीं बरती है। स्टैंडर्ड के तौर पर इसमें 6 एयरबैग, एंटी लॉक ब्रेकिंग सिस्टम (ABS) के साथ इलेक्ट्रॉनिक ब्रेकिंग डिस्ट्रीब्यूशन (EBD) और फ्रंट पार्किंग सेंसर जैसे फीचर्स दिए गए हैं। कम कीमत में इतने सारे फीचर्स और 7 सीटों का विकल्प मिलने के कारण रेनो ट्राइबर भारतीय बाजार में अपनी पकड़ मजबूत कर रही है। Renault Triber
Renault Triber : भारतीय कार बाजार में अपनी वापसी की रणनीति पर काम कर रही फ्रांसीसी कार कंपनी रेनो (Renault) के लिए यह समय बेहद उत्साहवर्धक है। एक तरफ कंपनी अपनी नई डस्टर एसयूवी को लेकर चर्चा में है, वहीं दूसरी ओर उसकी लोकप्रिय एमपीवी 'ट्राइबर' (Triber) ने बिक्री के मोर्चे पर एक बड़ी मील का पत्थर पार कर लिया है। किफायती दाम, फैमिली फ्रेंडली डिजाइन और 7 सीटों का मिलना इस कार को भारतीय ग्राहकों की पसंद बनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।
GST 2.0 का फायदा, घटी कीमतें
रेनो ने पिछले साल जुलाई में ट्राइबर के फेसलिफ्ट मॉडल को लॉन्च किया था, जिसकी शुरुआती कीमत 6.30 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) थी। हालांकि, जीएसटी 2.0 लागू होने के बाद कंपनी ने इसकी कीमतों में भारी कटौती की। इसकी शुरुआती कीमत घटाकर 5.76 लाख रुपये कर दी गई, जिसका सीधा असर बिक्री पर पड़ा। इस कदम ने खरीदारों को लुभाया और नतीजा यह रहा कि अब तक इस 7-सीटर कार की कुल 2 लाख से ज्यादा यूनिट्स बिक चुकी हैं।
2 लाख से ज्यादा यूनिट्स की बिक्री
अगस्त 2019 में अपनी शुरुआत करने वाली ट्राइबर पिछले साढ़े छह साल से रेनो इंडिया के लिए सबसे बेहतरीन परफॉर्मर साबित हो रही है। उद्योग के आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी 2026 के अंत तक भारत में ट्राइबर की कुल 2,00,253 यूनिट्स की बिक्री हो चुकी है। वहीं, घरेलू मांग के अलावा इस कार की दुनियाभर में भी अच्छी पकड़ है। दिसंबर 2025 तक इसकी 34,238 यूनिट्स का निर्यात भी किया जा चुका है। यह कार हैचबैक जैसी कीमत पर एमपीवी की सुविधा देती है, जिसके चलते फैमिली खरीदारों में इसकी मांग लगातार बनी हुई है।
6 साल बाद मिला शक्तिशाली अपडेट
ट्राइबर की मांग में हाल ही में आई तेजी का सबसे बड़ा कारण 23 जुलाई 2025 को लॉन्च किया गया नया मॉडल है। छह साल बाद मिले इस पहले बड़े अपडेट में कार का लुक पूरी तरह बदल दिया गया है। नए मॉडल में नए हेडलैंप, एलईडी डीआरएल, स्लिम ग्लॉस ब्लैक ग्रिल और नया डायमंड लोगो दिया गया है, जो इसे पहले से कहीं ज्यादा आधुनिक और आकर्षक बनाता है।
शक्तिशाली इंजन और बेहतर माइलेज
नई रेनो ट्राइबर में 1.0 लीटर, तीन सिलेंडर पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 72 बीएचपी की पावर और 96 न्यूटन मीटर का टॉर्क उत्पन्न करता है। इसे मैनुअल और एएमटी दोनों तरह के गियरबॉक्स के विकल्पों के साथ खरीदा जा सकता है। माइलेज के मामले में भी यह कार बेहतर प्रदर्शन करती है और 19.59 से 19.76 किलोमीटर प्रति लीटर तक का माइलेज देती है। इसके अलावा, खरीदारों को डीलर लेवल पर सीएनजी किट फिट करवाने का भी विकल्प मिलता है, जिस पर फैक्ट्री वारंटी भी मिलती है।
फीचर्स से लैस, सेफ्टी का ख्याल रखा गया
अंदरूनी हिस्से में भी इस कार को काफी आधुनिक बनाया गया है। इसमें नए लोगो वाला स्टीयरिंग व्हील, ब्लैक और ग्रे कलर की अपहोल्स्ट्री और 8-इंच टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम (ऐप्पल कारप्ले और एंड्रॉएड ऑटो सपोर्ट) दिया गया है। फीचर्स के तौर पर इसमें क्रूज़ कंट्रोल, ऑटो वाइपर, ऑटो हेडलैंप और ऑटो फोल्ड आउट साइड रियर व्यू मिरर (ORVMs) जैसी सुविधाएं हैं।
सुरक्षा के मामले में कंपनी ने कोई कोताही नहीं बरती है। स्टैंडर्ड के तौर पर इसमें 6 एयरबैग, एंटी लॉक ब्रेकिंग सिस्टम (ABS) के साथ इलेक्ट्रॉनिक ब्रेकिंग डिस्ट्रीब्यूशन (EBD) और फ्रंट पार्किंग सेंसर जैसे फीचर्स दिए गए हैं। कम कीमत में इतने सारे फीचर्स और 7 सीटों का विकल्प मिलने के कारण रेनो ट्राइबर भारतीय बाजार में अपनी पकड़ मजबूत कर रही है। Renault Triber












