
Waqf : भारत में वक्फ संपत्तियों को लेकर नया कानून सामने आया है, जिस पर सियासी घमासान तेज हो गया है। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इस कानून को गरीब मुसलमानों के हित में बताते हुए इसके पीछे की मंशा स्पष्ट की है।
भारत में कुल 9.72 लाख वक्फ संपत्तियां हैं, जो किसी भी देश में सबसे अधिक हैं।
ये संपत्तियां सामाजिक, धार्मिक और शैक्षणिक उद्देश्यों के लिए वक्फ की गई थीं। Waqf
किरेन रिजिजू ने स्पष्ट रूप से कहा कि इन वक्फ संपत्तियों का "सही तरीके से उपयोग नहीं हो रहा"।
कुछ प्रभावशाली लोग इन संपत्तियों का निजी लाभ के लिए दुरुपयोग कर रहे हैं। Waqf
नया वक्फ कानून इस बात को सुनिश्चित करेगा कि वक्फ संपत्तियों का इस्तेमाल मुस्लिम समुदाय के सामाजिक-आर्थिक विकास के लिए हो।
शिक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण योजनाओं के तहत इन संपत्तियों का सदुपयोग प्राथमिकता होगी।
विधेयक में किए गए बदलाव सच्चर समिति और के. रहमान खान समिति की रिपोर्टों पर आधारित हैं।
इन रिपोर्ट्स ने वक्फ संपत्तियों के पारदर्शी और जवाबदेह प्रबंधन की सिफारिश की थी।
मंत्री ने कहा, "देश की हर इंच जमीन का सही और विवाद-मुक्त उपयोग होना चाहिए।"
यह बयान सरकारी संपत्तियों के दुरुपयोग और भूमि विवादों पर अंकुश लगाने की दिशा में सरकार के संकल्प को दर्शाता है।
3 और 4 अप्रैल को लोकसभा और राज्यसभा में यह विधेयक पारित हुआ।
5 अप्रैल को राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद यह कानून बन गया।
कानून के पारित होते ही राजनीतिक दलों और मुस्लिम संगठनों ने इसका विरोध करना शुरू कर दिया।
सुप्रीम कोर्ट में दर्जनों याचिकाएं लंबित हैं, जिनमें एसोसिएशन फॉर द प्रोटेक्शन ऑफ सिविल राइट्स, अरशद मदनी, समस्त केरल जमीयतुल उलेमा जैसे संगठन शामिल हैं। Waqf :