
Greater Noida: भू-माफियाओं की मद्द करना गौतमबुद्धनगर जिले की सदर तहसील के एक पटवारी (लेखपाल) को बहुत भारी पड़ा है। उप जिलाधिकारी (SDM) सदर अंकित कुमार ने लेखपाल को निलंबित कर दिया है, साथ ही राजस्व निरीक्षक (revenue inspector) को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
चेतना मंच को मिली जानकारी के अनुसार कनारसी गांव में बड़ी संख्या में शत्रु संपत्ति (custodian land) मौजूद है। 6 दिसंबर 2022 को सदर तहसील के उपजिलाधिकारी अंकित कुमार के नेतृत्व में शत्रु संपत्ति पर किए गए भू-माफियाओं के कब्जे को हटाया गया था। कब्जा हटाने की कार्रवाई के दौरान उन भूखंडों पर बुलडोजर चलाया गया था जिन पर छोटा-मोटा निर्माण मौजूद था। इस बीच गाटा संख्या-390 पर स्थाई निर्माण बना हुआ था। उस निर्माण को हटाने के लिए उप जिलाधिकारी ने राजस्व निरीक्षक को निर्देश दिए थे कि संबंधित लोगों को नोटिस जारी करके अतिक्रमण को हटवाया जाए और इस दौरान अतिक्रमण के ऊपर नोटिस बोर्ड लगाकर उसको पूरी तरह से चिन्हित कर लिया जाए। प्रशासनिक सूत्रों ने बताया कि 23 जनवरी 2023 को उपजिलाधिकारी अंकित कुमार भारत सरकार के गृह मंत्रालय की कंसलटेंट कार्यालय शत्रु संपत्ति अभिरक्षक (CEPI) की एक कमेटी के साथ शत्रु संपत्ति का सर्वे करते हुए पुन: कनारसी गांव पहुंचे तो पता चला कि गाटा संख्या 390 रकबा 0.7160 हेक्टेयर पर और अधिक निर्माण कर लिया गया है और बाकायदा दरवाजे आदि लगा दिए गए हैं।
इस विषय में जब एसडीएम ने वहां के लेखपाल (पटवारी) से पूछताछ की तो वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। अधिक छानबीन करने पर यह पूरा प्रकरण भूमाफियाओ की मदद करने वाला पाया गया। इसी कारण एसडीएम अंकित कुमार ने कनारसी के पटवारी द्वारिका प्रसाद शर्मा को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया है। बताया जाता है कि लंबे अर्से से कुछ भू-माफिया कनारसी गांव में मौजूद शत्रु संपत्ति (custodian land) पर अवैध कब्जा जमाए हुए हैं। अकेले इसी प्रकरण में 7160 वर्ग मीटर जमीन पर भू-माफियाओं का कब्जा है। इस जमीन की कीमत करोड़ों में बताई जा रही है। भू-माफियाओं की मद्द करने पर पटवारी (लेखपाल) को निलंबित करने की कार्यवाही की सर्वत्र सराहना की जा रही है। लोगों का कहना है कि जहां ‘‘हमाम में सब नंगे हैं’’ वाली कहावत चारों तरफ चरितार्थ हो रही है। वहीं इस प्रकरण में एसडीएम ने सख्त कार्रवाई करके स्वागत योग्य कार्य किया है।