उड़ान भरने को तैयार जेवर एयरपोर्ट, PM मोदी करेंगे उद्घाटन?
भारत
चेतना मंच
01 Dec 2025 08:20 PM
दिल्ली-एनसीआर और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों के लिए बड़ी खुशखबरी है। बहुप्रतीक्षित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर एयरपोर्ट) का निर्माण कार्य अब लगभग 90% पूरा हो चुका है और शेष काम 15 अक्टूबर तक खत्म हो जाएगा। दीपावली से पहले इसके उद्घाटन की पूरी तैयारी की जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उद्घाटन के लिए मुख्यमंत्री स्तर से औपचारिक अनुरोध भेजा जा चुका है और जैसे ही तारीख तय होगी, उद्घाटन कार्यक्रम की आधिकारिक घोषणा कर दी जाएगी। Noida News
दीपावली से पहले तैयार होगा एयरपोर्ट
एयरपोर्ट के टर्मिनल बिल्डिंग, रनवे, एटीसी टावर और एयरो ब्रिज जैसे अहम ढांचे लगभग बन चुके हैं। यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड (YIAPL) ने यह लक्ष्य रखा है कि दीपावली से पहले सभी कार्य पूर्ण हो जाएं। उद्घाटन कार्यक्रम के लिए ग्राउंड लेवल पर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ फिल्म सिटी के शिलान्यास और अन्य मेगा प्रोजेक्ट्स की भी सौगात दे सकते हैं।
डेढ़ लाख लोगों की भीड़ का अनुमान
सरकार इस कार्यक्रम को एक राजनीतिक और विकास के प्रतीक के रूप में देख रही है। बिहार चुनाव के पहले इस प्रोजेक्ट के जरिए विकास का संदेश देशभर में दिया जाएगा। उत्तर प्रदेश के सात जिलों गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अलीगढ़ और मथुरा से करीब 1.5 लाख लोगों के शामिल होने की संभावना है। एयरपोर्ट परिसर में प्रधानमंत्री की भव्य जनसभा की भी योजना है।
भारत का सबसे बड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट छह रनवे वाला भारत का सबसे बड़ा एयरपोर्ट होगा। पहले चरण में एक रनवे, टर्मिनल बिल्डिंग, कार्गो हब का निर्माण हो चुका है। प्रथम चरण में एयरपोर्ट की वार्षिक क्षमता 1.2 करोड़ यात्रियों की होगी। दूसरे चरण तक (2031) यह बढ़कर 3 करोड़, 2036 में 5 करोड़ और 2040 तक 7 करोड़ यात्रियों की हो जाएगी।
लाखों को मिलेगा रोजगार
एयरपोर्ट की अनुमानित लागत ₹29,500 करोड़ है। इस मेगाप्रोजेक्ट से सीधे और परोक्ष रूप से 5.5 लाख से ज्यादा लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। इससे न केवल गौतमबुद्ध नगर, बल्कि पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, उत्तराखंड और राजस्थान के उद्योग, पर्यटन और व्यापार को नई ऊंचाइयां मिलेंगी।
6200 हेक्टेयर जमीन छह रनवे के निर्माण के लिए अधिग्रहित हो चुकी है। पहले चरण में दो रनवे से संचालन शुरू होगा। MRO (Maintenance, Repair, Overhaul) हब भी बनेगा, जिसके लिए 1365 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहित की गई है। बाकी तीन रनवे के लिए अतिरिक्त 2053 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण प्रक्रिया में है। Noida News