लोन लेने वाले हो जाएं सावधान, नहीं तो हो सकते हो बर्वाद
भारत
चेतना मंच
22 Nov 2025 02:28 AM
यदि आप लोन लेने के बारे में सोंच रहे हों, तो अब आपको सावधान होने की जरूरत है। नोएडा में पिछले तीन साल से एक ऐसा गैंग सक्रिय था। जिसने लोन दिलाने के नाम पर लाखों लोगों को बर्वाद कर दिया है। लोन देने का झांसा देकर फंसाकर उनकी गाढ़ी कमाई हड़प लेते थे और न तो उन्हें लोन मिलता था और न ही उनकी रकम वापस मिलती थी। ऐसे में वह कहीं के नहीं रहते थे। Noida News
जीरो प्रतिशत ब्याज पर लोन दिलाने का झांसा देकर फंसाते थे कस्टमर
कॉल सेंटर में बैठे जालसाज के पास से लाखों लोगों की लिस्ट बरामद की गई है। जिसमें लोगों के फोन नंबर, उनका पता एवं अन्य विवरण था। आरोपी सबसे पहले उन्हें जीरो प्रतिशत ब्याज पर लोन दिलाने का झांसा देते थे। ऐसे में उन्हें लगता था कि लोन पर ब्याज इतना मंहगा है, तो क्यों न वह इन्हीं जालसाजों के माध्यम से लोन ले लें। ऐसे में पीड़ित लालच में आकर जालसाजों के झांसे में फंस जाते थे। जब पीड़ित ठगों के जाल में फंस जाते थे, तो अब यहां से शुरू होता था उनकी ठगी का खेल। अब आरोपी उनसे रजिस्ट्रेशन और फाइल चार्ज के नाम पर हजारों रुपए वसूल लेते थे। वह कहते थे, ये तो प्रोसेस है, किसी भी बैंक से लोन लेंगे, तो इतना तो करना पड़ेगा। जब लोन एमाउंट तय हो जाता था, तो पहले से सांठ-गांठ कर बीमा कंपनियों ने उतने ही एमाउंट का बीमा करा देते थे और बीमा कंपनियों से 40 से 60 प्रतिशत तक कमीशन लेते थे। ऐसे करीब एक लाख लोगों को जालसाजों ने फंसाकर उनकी गाढ़ी कमाई हड़प ली है। Noida News
इस तरह से पीड़ितों को फंसाते थे जाल में
आरोपी इंटरनेट या बैंकों से लोगों का डाटा प्राप्त कर लेते थे। जिससे उन्हें नाम, पता, मोबाइल नम्बर, जन्मतिथि आदि जानकारी मिल जाती थी। जिसके बाद वह कस्टमर को कॉल करके उन्हे 0% ब्याज पर लोन देने का झांसा देते थे। जब कस्टर उनके जाल में फंस जाता था, तो कस्टमर को अपने जाल में फंसाकर लोन, रजिस्ट्रेशन एवं जीएसटी जमा करने के नाम पर उनसे पैसे लेकर उनकी बीमा पॉलिसी करा दे देते थे और रुपए बीमा कम्पनियों के बैंक खातों में जमा कराते थे। लोन की धनराशि कस्टमर से जिन बीमा कंपनियों के नाम के खातों में जमा कराई जाती थी, उन कंपनियों से इनको कमीशन के रूप में 40% से 60% तक कमीशन प्राप्त होता था। ऐसा कर आरोपी कस्टमर से लाखों रुपए हड़प लेते थे । जिसके बाद न तो उनको लोन मिलता था और न ही उनके पैसे वापस मिलते थे।
दंपत्ति चला रहा था ठगी का कॉल सेंटर
नोएडा जोन के डीसीपी यमुना प्रसाद ने बताया कि गौरव जोशी व उसकी पत्नी नेहा नोएडा के विभिन्न सेक्टरों में पिछले तीन साल से कॉल सेंटर चला रहे थे, जब इसकी भनक पुलिस को लगती थी, तो आरोपी रातों-रात कॉल सेंटर बंदकर उसे दूसरी जगह पर सेट कर देते थे। इस पर नोएडा की साइबर क्राइम, सर्विलांस सेल और थाना फेस वन टीम ने सूचना को गोपनीय तरीके से एकत्र कर सेक्टर-16 की एक बिल्डिंग में छापा मारा, तो पूरे नेटवर्क का भंडाफोड़ हो गया। मौके पर पति या पत्नी में से कोई मौजूद नहीं था। वहां मौजूद लोगों का कहना था कि ये लोग कभी-कभी नोएडा आते हैं। नहीं तो अक्सर जूम आदि के द्वारा मीटिंग करते हैं। जो भी रोजना पैसा इकट्ठा होता था, उसे आरोपी अपने खातों में डलवा लेते थे। दंपत्ति की गिरफ्तारी के लिए टीम का गठन कर दिया गया है। जल्द ही इनको भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
ठगी गैंग चलाने वाली युवती समेत 11 गिरफ्तार
नोएडा के सेक्टर-16 में ठगी गैंग चलाने वाली सेक्टर-22 की दिव्या, नोएडा आॅफिस को हैड करने वाला गाजियाबाद विक्रम सिंह के अलावा अमन, केशव कुमार, अरमान चौधरी, मोहित, राहुल पंकज सिंह को गिरफ्तार किया गया है। ये सभी आरोपी टीम में लीड रोल निभाते थे। जबकि मौके पर कॉल सेंटर में और भी कर्मचारी मौजूद थे। जिनकों इनके कारनामों की जानकारी नहीं थी। इन्हीं के इशारे पर अन्य कर्मचारी काम करते थे। ऐसे में निर्दोष कर्मचारियों को छोड़ दिया गया है। मुख्य भूमिका में शामिल 11 लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। Noida News