
Swami Rambhadracharya In Noida : प्रख्यात विद्वान, शिक्षाविद, प्रवचनकार, पदम विभूषण पुरस्कार से सम्मानित श्री रामभद्राचार्य से नोएडा के विधायक पंकज सिंह ने आशीर्वाद लिया तथा नोएडा आगमन पर उनका स्वागत किया।
धर्मगुरू श्रद्धय श्री रामभद्राचार्य गुरूवार की सुबह नोएडा पहुंचे। यहां आज से 4 अगस्त तक सेक्टर 21 स्थित नोएडा स्टेडियम में श्रीराम कथा की अमृत वर्षा कर नोएडावासियों को ज्ञान, धर्म और अध्यात्म की शक्ति से अभिसंचित करेंगे। नोएडा पहुंचने पर उनके दर्शन करने के लिए नोएडा विधानसभा क्षेत्र से विधायक व उत्तर प्रदेश भाजपा के उपाध्यक्ष पंकज सिंह पहुंचे तथा नोएडावासियों की ओर से श्री रामभद्राचार्य जी का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि नोएडा की धरती पर स्वामी जी के आगमन से नोएडा का हर निवासी हर्षित व आनंदित है। विधायक पंकज सिंह ने काफी देर तक जगदगुरू श्री रामभद्राचार्य के श्रीचरणों में बैठकर बातचीत की।
विधायक पंकज सिंह ने इस अवसर पर कहा कि स्वामी जी का आशीर्वाद प्राप्त करके वह धन्य हो गए हैं। यह उनका सौभाग्य है कि नोएडावासियों की ओर से उन्होंने स्वामी जी का स्वागत किया। जगदगुरू श्री रामभद्राचार्य के आशीर्वाद के श्रद्धालु भी लाभांवित होंगे तथा उनके मुख से श्रीराम कथा सुनकर धन्य हो जाएंगे।
इस रामकथा (Ramkatha) का आयोजन श्री हनुमान सेवा न्यास तथा श्रीरामराज फाउंडेशन द्वारा संयुक्त रूप से कराया जा रहा है। कथा रोजाना सांय 3.00 बजे से शुरू होगी तथा सायं 7.00 बजे तक चलेगी। कथा के आयोजनकर्ता हिमांगी सिंह रघुवंशी, अमित भाटी तथा दिव्येश प्रताप का कहना है कि इस रामकथा Ramkatha) को सुनने के लिए हजारों की संख्या में भक्तगणों के आने की संभावना है।
बता दें कि नेत्रहीन स्वामी रामभद्राचार्य महाराज वेदों, उपनिषदों तथा अन्य धार्मिक ग्रंथों के न सिर्फ ज्ञाता हैं बल्कि उन्हें कंठस्थ सभी ग्रंथ याद हैं। श्रीरामजन्म भूमि विवाद में प्रमुख गवाह के तौर पर अदालत ने भी उनकी गवाही को काफी अहम माना था। जिसका प्रतिफल यह रहा कि अदालत ने श्री रामजन्म भूमि के पक्ष में निर्णय सुनाया। जिसके कारण अयोध्या में आज श्री रामलला का भव्य मंदिर बनकर तैयार हो रहा है। श्री बागेश्वर धाम सरकार पं. धीरेन्द्र कृष्ण शास्त्री (Shri Bageshwar Dham Sarkar Pt. Dhirendra Krishna Shastri) भी श्री रामभद्राचार्य (Rambhadracharya)के परम शिष्य हैं तथा उनके चरणों में शीश नवाकर स्वयं को धन्य समझते हैं।