नोएडा के बहुचर्चित निठारी कांड से जुड़े रहे सुरेंद्र कोली की हरिद्वार में मौत की खबर सामने आई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, भूपतवाला क्षेत्र में स्थित उसकी चाय की दुकान पर उसका शव मिला। बताया जा रहा है कि सुरेंद्र कोली पिछले कुछ समय से हरिद्वार में रह रहा था और वहां चाय की दुकान चला रहा था।

Noida News : उत्तर प्रदेश के नोएडा से जुड़े देश के सबसे चर्चित और भयावह मामलों में शामिल निठारी कांड से एक बार फिर बड़ी खबर सामने आई है। निठारी कांड से जुड़े रहे सुरेंद्र कोली ने हरिद्वार में आत्महत्या कर ली है। रिपोर्ट्स के अनुसार, घटना हरिद्वार के भूपतवाला क्षेत्र में हुई। कोली पिछले कुछ समय से हरिद्वार में रहकर चाय की दुकान चला रहा था। पुलिस को उसका शव चाय की दुकान पर मिला। घटना की सूचना उसके अल्मोड़ा स्थित स्वजन को दे दी गई है और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। Noida News
सुरेंद्र कोली का नाम वर्ष 2006 में सामने आए नोएडा के निठारी कांड के कारण देशभर में चर्चा में आया था। नोएडा के सेक्टर-31 स्थित निठारी में बच्चों और महिलाओं के लापता होने के मामले ने उस समय पूरे देश को झकझोर दिया था। 29 दिसंबर 2006 को डी-5 कोठी के आसपास मानव अवशेष मिलने के बाद यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में आया था। सुरेंद्र कोली उस समय निठारी स्थित डी-5 कोठी में घरेलू सहायक के रूप में काम करता था। यह कोठी कारोबारी मनिंदर सिंह पंढेर की थी। बाद में निठारी कांड से जुड़े कई मुकदमों में कोली को आरोपी बनाया गया और उसे लंबे समय तक जेल में रहना पड़ा। Noida News
निठारी कांड में सुरेंद्र कोली को निचली अदालत से फांसी की सजा सुनाई गई थी। बाद में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कई मामलों में उसे दोषमुक्त कर दिया। वर्ष 2023 में भी हाईकोर्ट के फैसले के बाद कोली और मनिंदर सिंह पंढेर की रिहाई का रास्ता साफ होने की खबर सामने आई थी। इसके बाद 11 नवंबर 2025 को सुप्रीम कोर्ट ने निठारी कांड से जुड़े अंतिम लंबित मामले में भी सुरेंद्र कोली की दोषसिद्धि रद्द कर दी। सुप्रीम कोर्ट ने उसकी क्यूरेटिव याचिका स्वीकार करते हुए उसे बरी कर दिया था। इससे उसके खिलाफ निठारी कांड से जुड़े सभी लंबित आपराधिक मामलों का अंत हो गया था। Noida News
दैनिक जागरण की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, सुरेंद्र कोली पिछले कुछ महीनों से हरिद्वार में रह रहा था और वहां चाय की दुकान चला रहा था। शुक्रवार को उत्तरी हरिद्वार के भूपतवाला क्षेत्र में उसकी मौत की सूचना सामने आई। पुलिस के मुताबिक घटना सप्त सरोवर रोड, लालमाता मंदिर के सामने स्थित चाय की दुकान पर हुई। मौके से कोई सुसाइड नोट नहीं मिलने की बात भी सामने आई है। पुलिस ने कहा है कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है। Noida News
सुरेंद्र कोली की मौत की खबर सामने आने के बाद नोएडा के निठारी कांड की पुरानी भयावह यादें एक बार फिर चर्चा में आ गई हैं। वर्ष 2006 में सामने आए इस मामले ने नोएडा ही नहीं बल्कि पूरे देश में महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा तथा पुलिस जांच को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए थे। करीब दो दशक बाद भी निठारी कांड भारतीय अपराध इतिहास के चर्चित मामलों में शामिल है। इस मामले में कानूनी प्रक्रिया लंबे समय तक चली और अलग-अलग मुकदमों में अदालतों के फैसले भी सामने आते रहे। Noida News
यह तथ्य विशेष रूप से महत्वपूर्ण है कि सुरेंद्र कोली की वर्तमान कानूनी स्थिति को पुराने फैसलों के आधार पर नहीं लिखा जाना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने नवंबर 2025 में अंतिम लंबित मामले में भी उसकी दोषसिद्धि रद्द कर दी थी और उसे बरी कर दिया था। इसलिए वर्तमान खबर में उसे निठारी कांड का “आरोपी रहा” या “निठारी कांड से जुड़ा रहा” कहना तथ्यात्मक रूप से उचित है। Noida News
हरिद्वार पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है। शव की पहचान सुरेंद्र कोली के रूप में की गई और उसके अल्मोड़ा निवासी स्वजनों को सूचना दी गई है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि उसकी मौत के पीछे क्या परिस्थितियां थीं। फिलहाल पुलिस की जांच पूरी होने तक घटना से जुड़े अन्य पहलुओं पर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। Noida News
चेतना मंच अपडेट: निठारी कांड से जुड़े सुरेंद्र कोली की हरिद्वार में मौत की खबर ने नोएडा से लेकर उत्तर प्रदेश और देशभर में एक पुराने चर्चित मामले को फिर सुर्खियों में ला दिया है। मामले में हरिद्वार पुलिस की जांच और आगे सामने आने वाली जानकारी पर नजर बनी हुई है।
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