नोएडा प्राधिकरण योजना के तहत नोएडा के हर वर्क सर्कल में एक-एक मॉडल रोड विकसित की जाएगी, ताकि शहर की प्रमुख सड़कें केवल आवाजाही का जरिया न रहकर आधुनिक शहरी सुविधा, बेहतर सौंदर्य और सुरक्षित यातायात का उदाहरण बन सकें।

Noida News : देश के सबसे अहम शहरी और औद्योगिक जिलों में शुमार गौतमबुद्ध नगर के नोएडा शहर में खराब सड़कों को लेकर लंबे समय से लोग नाराजगी जाहिर करते रहे हैं। कभी गड्ढों की शिकायत, कभी टूटी किनारियों की परेशानी और कभी पैदल चलने वालों के लिए सुरक्षित रास्ते की कमी इन सब मुद्दों को देखते हुए अब नोएडा प्राधिकरण ने शहर की सड़क व्यवस्था को नया रूप देने की तैयारी शुरू कर दी है। नोएडा प्राधिकरण योजना के तहत नोएडा के हर वर्क सर्कल में एक-एक मॉडल रोड विकसित की जाएगी, ताकि शहर की प्रमुख सड़कें केवल आवाजाही का जरिया न रहकर आधुनिक शहरी सुविधा, बेहतर सौंदर्य और सुरक्षित यातायात का उदाहरण बन सकें। इस पहल से नोएडा की सड़कों को ज्यादा व्यवस्थित, आकर्षक और लोगों के अनुकूल बनाने की उम्मीद है।
इस योजना के तहत नोएडा प्राधिकरण ने शहर के सभी 10 वर्क सर्कल से दो-दो सड़कों का प्रस्ताव मांगा है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्र की ऐसी सड़कों की सूची तैयार करें, जहां सुधार की सबसे ज्यादा जरूरत है या जिन्हें मॉडल रोड के रूप में विकसित किया जा सकता है। सूची मिलने के बाद हर सर्कल से एक सड़क का अंतिम चयन किया जाएगा। इसके बाद मौके का निरीक्षण कर निर्माण और सौंदर्यीकरण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। नोएडा प्राधिकरण की इस पहल का मकसद सिर्फ सड़क बनाना नहीं, बल्कि नोएडा की सड़कों को एक बेहतर शहरी अनुभव में बदलना है। मॉडल रोड के रूप में चुनी जाने वाली सड़कों पर दोनों ओर चौड़े फुटपाथ बनाए जाएंगे, ताकि पैदल चलने वालों को सुरक्षित और आरामदायक रास्ता मिल सके। इसके साथ ही हरियाली बढ़ाने के लिए छायादार पेड़ लगाए जाएंगे और खाली स्थानों को घास व लैंडस्केपिंग से संवारा जाएगा। दिव्यांगजन की सुविधा को ध्यान में रखते हुए रैंप जैसी व्यवस्थाएं भी विकसित की जाएंगी।
नोएडा में मॉडल रोड की अवधारणा नई नहीं है। इससे पहले सेक्टर-38 में गोल्फ कोर्स से डिग्री कॉलेज तिराहे तक एक सड़क को मॉडल रोड के रूप में विकसित किया जा चुका है। वहीं सेक्टर-126 में आईटी कंपनियों के बीच करीब एक किलोमीटर लंबे हिस्से को भी इसी तर्ज पर तैयार करने की प्रक्रिया चल रही है। इस परियोजना पर करीब 4.68 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है और इसके लिए एजेंसी का चयन भी किया जा चुका है।
शहर में लगातार बढ़ते ट्रैफिक और तेजी से फैलते शहरी ढांचे के बीच नोएडा की कई सड़कें लंबे समय से मरम्मत और उन्नयन का इंतजार कर रही हैं। ऐसे में यह योजना उन इलाकों के लिए राहत लेकर आ सकती है, जहां सड़कें जर्जर हैं या बुनियादी सुविधाएं अधूरी हैं। माना जा रहा है कि मॉडल रोड परियोजना के जरिए प्राधिकरण सड़क गुणवत्ता के साथ-साथ ट्रैफिक संचालन, पैदल आवाजाही और शहर की समग्र छवि सुधारने पर भी जोर देगा।
नोएडा प्राधिकरण का लक्ष्य शहर की सड़कों को सिर्फ आवागमन का माध्यम नहीं, बल्कि सुरक्षित, सुव्यवस्थित और आकर्षक सार्वजनिक स्पेस के रूप में विकसित करना है। आने वाले समय में यदि यह योजना सफल रहती है, तो नोएडा के अलग-अलग हिस्सों में सड़क विकास का नया मानक स्थापित हो सकता है। इससे नागरिकों को बेहतर यातायात, सुरक्षित फुटपाथ, ज्यादा हरियाली और एक अधिक व्यवस्थित शहरी माहौल मिलने की उम्मीद है। Noida News