Greater Noida News: थाना बीटा-2 क्षेत्र में बुधवार देर रात एक दर्दनाक सडक़ हादसे में बाइक सवार दो युवकों की दर्दनाक मौत हो गई। हादसा अवध ग्रीन कट के सामने उस समय हुआ जब दोनों युवक मोटरसाइकिल से नवादा गोल चक्कर की ओर से डोमिनोज गोल चक्कर की तरफ जा रहे थे।

नोएडा में हाल के दिनों में दिनदहाड़े सामने आ रही आपराधिक घटनाओं ने शहर की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लगातार बढ़ती वारदातों और बेखौफ अपराधियों की सक्रियता ने आम नागरिकों के बीच चिंता और असुरक्षा का माहौल पैदा किया है। ऐसे समय में पत्रकारिता की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है। हमारा उद्देश्य किसी भी घटना को सनसनी बनाकर पेश करना नहीं बल्कि तथ्यों की गहराई से पड़ताल कर निष्पक्ष और प्रमाणिक रिपोर्ट आपके सामने रखना है। हम हर खबर को बिना किसी दबाव या पूर्वाग्रह के साथ प्रस्तुत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं ताकि पाठक अपने शहर की सच्चाई को स्पष्ट रूप से समझ सकें और हर महत्वपूर्ण घटनाक्रम से समय पर अपडेट रहें।
ग्रेटर नोएडा: थाना बीटा-2 क्षेत्र में बुधवार देर रात एक दर्दनाक सडक़ हादसे में बाइक सवार दो युवकों की दर्दनाक मौत हो गई। हादसा अवध ग्रीन कट के सामने उस समय हुआ जब दोनों युवक मोटरसाइकिल से नवादा गोल चक्कर की ओर से डोमिनोज गोल चक्कर की तरफ जा रहे थे। पुलिस के मुताबिक, 5/6 अगस्त की रात बाइक सवार सचिन (19) पुत्र बाबूराम, निवासी ग्राम आमगांव, थाना राठ, जिला हमीरपुर, वर्तमान निवासी ऐच्छर, थाना बीटा-2, ग्रेटर नोएडा और मनीष (19) पुत्र छोटेलाल, निवासी न्यूरिया, थाना बिवांर, जिला हमीरपुर, वर्तमान निवासी ओमिक्रोन, थाना सूरजपुर, गौतमबुद्धनगर, अवध ग्रीन कट के सामने पहुंचे थे। इसी दौरान उनकी मोटरसाइकिल की एक कार से टक्कर हो गई। हादसे में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद थाना बीटा-2 पुलिस ने दोनों शवों का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने दुर्घटना में शामिल कार को कब्जे में ले लिया है जबकि चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
नोएडा: थाना फेस-1 क्षेत्र में मोबाइल फोन झपटमारी का मामला सामने आया है। स्कूटी सवार बदमाशों ने पैदल जा रहे एक व्यक्ति से मोबाइल फोन झपट लिया और फरार हो गए। न्यू अशोक नगर, दिल्ली निवासी अभिषेक कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि 24 जुलाई की रात वह सेक्टर-3 स्थित अपने कार्यालय से घर लौट रहा था। ऑफिस से वह लेबर चौक और फायर स्टेशन के बीच सड़क पर पहुंचा था। इसी दौरान स्कूटी सवार दो अज्ञात युवक उसके पास आए और हाथ से मोबाइल फोन झपटकर फायर स्टेशन की ओर फरार हो गए। घटना के तुरंत बाद उसने डायल-112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी। इसके बाद उसने थाना फेस-1 में लिखित शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने और मोबाइल बरामद कराने की मांग की। पुलिस का कहना है कि पीड़ित की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर स्कूटी सवार दोनों संदिग्धों की पहचान और मोबाइल की बरामदगी का प्रयास किया जा रहा है।
नोएडा: सेक्टर-113 थाना क्षेत्र में पड़ोसी के साथ विवाद को लेकर मारपीट, अभद्र भाषा के इस्तेमाल, घर का सामान बाहर फेंकने और नाबालिग बेटी को धमकी देने का मामला सामने आया है। पीड़िता ने थाना सेक्टर-113 पुलिस को शिकायत देकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और परिवार की सुरक्षा की मांग की है। प्रतीक विस्टेरिया, सेक्टर-77 निवासी दीपक राणा ने दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि उनके पड़ोसी दिलीप कुमार और उनके पुत्र ने उनकी अनुपस्थिति में उनकी पत्नी व नाबालिग बेटी के साथ मारपीट और अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया। आरोपियों ने उनके घर के बाहर रखा सामान तोड़ दिया और आर्थिक नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया। शिकायतकर्ता का यह भी आरोप है कि उनकी नाबालिग बेटी को अपहरण की धमकी दी गई। पीड़िता का कहना है कि इस घटना के बाद परिवार में सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है। पुलिस का कहना है कि पीड़ित की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच-पड़ताल की जा रही है।
ग्रेटर नोएडा: ग्रेटर नोएडा के दो अलग-अलग थाना क्षेत्रों में घरों में चोरी होने के मामले प्रकाश में आए हैं। चोर घरों से लाखों रुपये के जेवरात, नकदी आदि चोरी कर ले गए। दोनों मामलों में पीड़ितों की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पहला मामला ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र का है। हल्द्वानी में रहने वाले व्रजेश ने थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि 26 जनवरी की शाम वह परिवार के साथ वेदवन पार्क घूमने गए थे। शाम करीब चार बजे घर से निकलने के बाद जब वे वापस लौटे तो कमरे के ताले में दूसरी चाबी लगी मिली। अंदर जाकर देखा तो सामान अस्त-व्यस्त था। चोर कमरे से उनकी पत्नी के सोने के आभूषण जिसमें सोने के झाले, बाली, अंगूठी, मंगलसूत्र, पायल, कमर की करधनी, चूडिय़ां और चेन सहित अन्य जेवर शामिल हैं। जेवरात के अलावा चोर घर में रखे करीब 14 हजार रुपये भी चोरी कर ले गए। व्रजेश ने मनोज नामक व्यक्ति पर चोरी का संदेह जताते हुए मुकदमा दर्ज कराया है। चोरी की दूसरी घटना सूरजपुर थाना क्षेत्र के डेल्टा-1 की है। पुलिस को दी शिकायत में अरुण सिंह ने बताया कि वह 2 जून को परिवार के साथ अपने गांव गए थे। 8 जून को रात करीब नौ बजे वापस लौटने पर उन्हें घर का सामान बिखरा मिला। जांच करने पर घर से 40 हजार रुपये नकद और करीब 250 ग्राम चांदी की पायल गायब मिली। पीड़ित के मुताबिक किसी अज्ञात व्यक्ति ने उनके घर में चोरी की है। दोनों मामलों में पुलिस ने शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
ग्रेटर नोएडा: ग्रेटर नोएडा में फार्म की जमीन बेचने के नाम पर लाखों रुपये लेने और बाद में रजिस्ट्री कराने से इनकार करने का मामला सामने आया है। पीड़िता ने थाना एक्सप्रेसवे में आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है। सेक्टर-79 निवासी आरती तोमर ने पुलिस को दी शिकायत में दीपक चौहान, के.के. यादव उर्फ किशन कुमार, मनीष, अंकिता पाल और मायरा प्रॉपर्टीज प्राइवेट लिमिटेड से जुड़े लोगों पर धोखाधड़ी, जालसाजी, विश्वासघात और धमकी देने के आरोप लगाए हैं। शिकायत के मुताबिक, आरती तोमर और उनके पति संजीव की मुलाकात दीपक चौहान से एक परिचित के माध्यम से हुई थी। आरोप है कि दीपक चौहान ने नोएडा के सेक्टर-135 में एक बीघा फार्म को बिक्री के लिए उपलब्ध बताते हुए सौदा कराया। बाद में के.के. यादव और अन्य लोगों ने उक्त जमीन को मायरा प्रॉपर्टीज प्राइवेट लिमिटेड तथा मनीष के स्वामित्व का बताया और इसकी कीमत 58 लाख रुपये तय की। पीड़िता का आरोप है कि सौदा तय होने के बाद 27 नवंबर 2024 को एचडीएफसी बैंक के चेक के जरिए 2.11 लाख रुपये टोकन राशि के रूप में दिए गए। इसके बाद 3 दिसंबर 2024 को के.के. यादव को 27.89 लाख रुपये, 29 जनवरी 2025 को एनईएफटी के माध्यम से के.के. यादव को 5 लाख रुपये, 30 जनवरी को 7 लाख रुपये और उसी दिन 3 लाख रुपये कंपनी के खाते में भेजे गए। शिकायत के अनुसार, 31 जनवरी 2025 को के.के. यादव को एनईएफटी से 5 लाख रुपये तथा उनके घर जाकर 3 लाख रुपये नकद भी दिए गए। पैसे मिलने के बाद आरोपी रजिस्ट्री कराने के बजाय टालते रहे।
आरती तोमर का आरोप है कि पूरी रकम देने के बाद आरोपियों ने फार्म की रजिस्ट्री कराने के बजाय लगातार टालमटोल शुरू कर दी। संपर्क करने पर उनका फोन नहीं उठाया जाता था और व्हाट्सऐप पर भी टालने वाले जवाब दिए जाते थे। पीड़िता के मुताबिक, जब उसने और उसके पति ने रजिस्ट्री कराने के लिए दबाव बनाया तो आरोपियों ने गाली-गलौज कर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उन्होंने स्वयं फार्म के दस्तावेजों की जानकारी जुटाई तो पता चला कि जिस फार्म को बेचने का दावा किया गया था, वह प्रदीप त्यागी का था। पीड़िता का आरोप है कि प्रदीप त्यागी से संपर्क करने पर उन्होंने बताया कि फार्म उनका है और के.के. यादव अथवा उसके किसी दोस्त या सदस्य का इसमें कोई लेना-देना नहीं है। आरती तोमर ने आरोप लगाया कि सभी आरोपियों ने आपस में मिलकर उनके साथ धोखाधड़ी और जालसाजी की तथा उनसे पैसे ऐंठे। पुलिस का कहना है कि पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच-पड़ताल की जा रही है।
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