
नोएडा लेटेस्ट न्यूज : भारतीय किसान यूनियन के नेताओं पर दर्ज की गई एफआईआर के विरोध में किए गए नोएडा के थाना सेक्टर 49 के घेराव को महापंचायत के ऐलान के साथ किसानों ने खत्म कर दिया है। किसान नेताओं ने नोएडा पुलिस कमिश्नरेट को 21 अक्टूबर तक का समय दिया है। किसानों ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर भाकियू नेताओं पर दर्ज एफआईआर स्पंज नहीं की जाती तो महापंचायत का बुलाई जाएगी।
भारतीय किसान यूनियन के नेताओं पर बरोला में एक जमीन के मामले को लेकर नोएडा के थाना सेक्टर 49 में एक एफआईआर दर्ज की गई। इस भाकियू के वेस्ट यूपी अध्यक्ष पवन खटाना और सुभाष चौधरी का नाम है। भाकियू नेताओं का आरोप है कि नोएडा कमिश्नरेट पुलिस किसान आंदोलन को दबाने के लिए भाकियू नेताओं पर एफआईआर दर्ज कर रही है। इसी के विरोध में शुक्रवार को भाकियू नेताओं ने सैकड़ों किसानों के साथ थाना सेक्टर 49 का घेराव किया। इस दौरान थाना सेक्टर 49 में नोएडा जोन 1 के पुलिस उपायुक्त हरीश चंद तथा किसानों के प्रतिनिधि मंडल के बीच आंधा घंटा तक वार्ता हुई। वार्ता में भाकियू के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी सुभाष चौधरी ने मांग की कि भाकियू के नेताओं पर दर्ज एफआईआर स्पंज कर दी जाए।
पुलिस उपायुक्त हरीश चंद ने किसान नेताओं को बताया कि पुलिस मामले की विवेचना कर रही है। शिकायतकर्ता से संबंधित दस्तावेज तलब किए गए हैं। चार पांच दिनों में विवेचना के बाद जो कानूनी तौर पर सही पाया जाएगा, उसी आधार पर आगे की कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने कहा कि पुलिस की किसान नेताओं के साथ कोई जातीय दुश्मनी नहीं है। कानून का काम कानूनी परिधि में रहकर किया जाएगा। यदि विवेचना में आरोप सही नहीं पाए गए तो एफआईआर स्पंज कर दी जाएगी।
वार्ता के दौरान किसान नेताओं ने पुलिस को 21 अक्टूबर तक का समय देते हुए चेतावनी दी कि यदि 21 अक्टूबर तक मामले को स्पंज नहीं किया गया तो भारतीय किसान यूनियन महापंचायत कर बड़े आंदोलन की रणनीति तय करेगी। किसान इसके लिए जेल जाने को भी तैयार हैं। पुलिस से मिले आश्वासन के बाद भाकियू के किसानों ने थाने का घेराव खत्म कर दिया।