
Noida News (चेतना मंच)। लोन दिलाने के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का थाना फेज 3 पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर लैपटॉप, मोबाइल फोन, नगदी व अन्य दस्तावेज बरामद किए हैं।
थाना प्रभारी विजय सिंह ने बताया कि मुखबिर की सूचना के आधार पर मामूरा की गली नंबर 2 से प्रकाश पुत्र आनंद, आशीष पुत्र सुशील तथा नवीन पुत्र उमेश को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से 95 हजार रूपये नकद, लैपटॉप व मोबाइल फोन बरामद हुआ। पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि वह गांव मामूरा में किराये पर कमरा लेकर ऑनलाइन ठगी का धंधा चला रहे थे।
सोशल साइट पर वह लोन दिलाने का विज्ञापन देकर उसमें अपने नंबर डाल देते थे। लोन लेने के इच्छुक लोग जब इन से संपर्क करते थे तो वह उनसे विभिन्न औपचारिकताओं के नाम पर पैसे अपने खाते में ट्रांसफर करा लेते थे। इसके अलावा लोन लेने वाले लोगों का डाटा लेकर उन्हें कॉल कर सस्ती दरों पर भी लोन उपलब्ध कराने का झांसा देकर उन्हें अपनी ठगी का शिकार बनाते थे। पकड़े गए आरोपियों ने बताया कि इस पूरे गोरखधंधे का मास्टरमाइंड अजय राजपूत उर्फ उर्फ विक्रम है। वह उन्हें कॉल करने के लिए मोबाइल नंबरों का डाटा देता है। थाना प्रभारी ने बताया कि इस गिरोह के मास्टरमाइंड अजय राजपूत की तलाश की जा रही है।
जालसाज ने एक व्यक्ति का मोबाइल फोन हैक कर उसके खाते से 154000 रूपये निकाल लिए। पीड़ित ने अज्ञात ठग के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। सेक्टर-6 निवासी बृजेश कुमार ने दर्ज रिपोर्ट में बताया कि गत दिनों उसका मोबाइल फोन अचानक बंद हो गया। काफी देर तक कोई कॉल ना आने पर जब उन्होंने दूसरे फोन नंबर से अपने नंबर पर कॉल की तो रिंग जा रही थी।
इसके बावजूद उनके मोबाइल फोन पर कॉल नहीं आ रही थी। कुछ समय बाद उनके मोबाइल पर उनके खाते से तीन बार में 154000 रूपये निकलने का मैसेज आया। पीड़ित ने बताया कि उन्होंने कोई भी ऑनलाइन ट्रांजैक्शन नहीं की और ना ही किसी को कोई ओटीपी नंबर दिया। इसके बावजूद उनके खाते से पैसे कट गए। पीड़ित ने आशंका जताई है कि साइबर ठग ने उसका मोबाइल फोन हैक कर इस पूरे फर्जीवाड़े को अंजाम दिया है। Noida News