Noida News (चेतना मंच)। यूपी के नोएडा में गूगल से स्पीड पोस्ट की वेबसाइट का नंबर लेना एक व्यक्ति को खासा महंगा पड़ गया। साइबर ठगने ने उक्त व्यक्ति के खाते में सेंध लगाकर 169000 रुपये ऑनलाइन निकाल लिए।
नोएडा के सेक्टर-61 रॉयल टावर निवासी भवानी शंकर प्रजापति ने बताया कि विगत 2 जनवरी 2024 को गूगल के जरिए स्पीड पोस्ट की वेबसाइट का नंबर लिया था। उक्त नंबर पर जब उसने अपने एक जरूरी डाक के बारे में पता करने के लिए फोन किया तो औपचारिकता के नाम पर उसे एक फार्म भेज दिया गया।
उसने उक्त फॉर्म भरकर भेज दिया। जिसके बाद फीस के नाम पर उसे 2 रूपये जमा करने को कहा गया। उसने बताए गए खाते में 2 रुपये ट्रांसफर कर दिए। 5 जनवरी को यूपीआई के माध्यम से उसके इंडियन बैंक के खाते से 89 हजार रुपये तथा 6 जनवरी को एसबीआई बैंक के खाते से 80000 रूपये कट गए। बैंक से मैसेज आने पर उसने उक्त नंबर पर बात करने का प्रयास किया, लेकिन वह स्विच ऑफ मिला। पीड़ित ने अपने साथ हुए ऑनलाइन साइबर फ्रॉड की शिकायत थाना सेक्टर 58 पुलिस से की है।
बैग में भरे हुए थे रुपये, ड्राइवर लेकर भागा
नोएडा के सेक्टर 29 में नाले की मरम्मत का काम करा रहे ठेकेदार का रूपों से भरा बैग लेकर ड्राइवर रफू चक्कर हो गया बैग में 7 लाख रुपये रखे हुए थे। पीड़ित ठेकेदार ने थाना सेक्टर-20 में अपने ड्राइवर के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है।
स्काई टैंक सोसायटी क्रॉसिंग रिपब्लिक गाजियाबाद निवासी आदेश कुमार ने बताया कि वह नोएडा प्राधिकरण में ठेकेदारी का काम करता है। उसे सेक्टर-29 में नाले की मरम्मत के कार्य का ठेका मिला हुआ है। वह सेक्टर-29 की साइट पर काम देखने के लिए आया था इस दौरान वह रूपयों से भरा बैग गाड़ी में ही छोड़ गया। साइट पर काम देखने के पश्चात कुछ देर बाद जब वह अपनी कार के पास पहुंचा तो उसका ड्राइवर राहुल पुत्र राजेश कुमार निवासी ग्राम शाहबेरी कर से बैग लेकर भाग रहा था। उसने आवाज देकर उसका पीछा किया, लेकिन राहुल मौके से फरार हो गया।
आदेश कुमार के मुताबिक बैग में मजदूरों की पेमेंट करने तथा मैटेरियल की पेमेंट देने के लिए 7 लाख रुपये रखे हुए थे। थाना प्रभारी ने बताया कि पीड़ित की शिकायत पर उसके ड्राइवर के खिलाफ अमानत मैं खयानत का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपी ड्राइवर की तलाश कर रही है।