ईडी की जांच, शेल कंपनियों में ट्रांसफर की खरीदारों की रकम
Noida News
नोएडा
RP Raghuvanshi
20 Apr 2025 10:43 PM
Noida News : सेक्टर-119 द अरण्या सोसाइटी में फ्लैट खरीदारों का पैसा परियोजना में न लगाकर दूसरी जगह भेजे जाने पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जांच में सामने आया है कि परियोजना के संपत्ति खरीदारों का पैसा पहले फर्जी लोन, अग्रिम भुगतान व अन्य बहानों से निकाला गया। फिर इस धनराशि को शेल और बंद कंपनियों में डाला गया।
ईडी ने उन्नति फॉर्च्यून कंपनी के प्रमोटर अनिल मिठास को रिमांड पर लिया
आखिर में यह धनराशि कहां गई या निवेश की गई, इसके लिए ईडी उन्नति फॉर्च्यून कंपनी के प्रमोटर अनिल मिठास को रिमांड पर लेकर जांच कर रहा है। आगरा में भी बिल्डर से जुड़े कुछ ठिकानों पर छापेमारी हुई है। ईडी अधिकारियों का कहना है कि जांच जारी है। ईडी की जांच में यह भी सामने आया है कि द अरण्या सोसाइटी में फ्लैट के साथ व्यवसायिक संपत्तियों को बेचकर उनके खरीदारों से भी रकम ली गई थी। यह रकम लेने का सिलसिला 2012 में शुरू हुआ और 2019 तक रकम ली गई है। इस पूरे समयावधि का ब्यौरा ईडी ने जो कंप्यूटर, बैंक खातों से जुटाया है उसको खंगाला जा रहा है। अनिल मिठास से भी पूछताछ हुई है। निदेशालय के अधिकारियों का कहना है कि यह संगठित आर्थिक अपराध का षडयंत्र है, जिसमें सैकड़ों परिवारों को निशाना बनाया गया है। इसकी जांच भी गंभीरता से की जा रही है। परियोजना में खरीदारों से 522.90 करोड़ जुटाए जाने का आकलन सामने आ चुका है। निदेशालय आगे डायवर्जन पर जांच कर रहा है।
उन्नति ग्रुप के ठिकानों पर ईडी का छापा खत्म
नोएडा के उन्नति फॉर्च्यून ग्रुप के ठिकानों पर बीते दिन से जारी ईडी का छापा शनिवार को समाप्त हो गया। नोएडा, दिल्ली और मेरठ के 8 ठिकानों पर बृहस्पतिवार से जारी छापे में तमाम संपत्तियों की सेल डीड और निवेश से जुड़े अहम दस्तावेज बरामद हुए हैं। अब ईडी के अधिकारी इन दस्तावेजों को सामने रखकर कंपनी संचालक अनिल मिठास से पूछताछ करेंगे, ताकि निवेशकों से हड़पी रकम को कहां खपाया गया है, इसका पता लगाया जा सके। बता दें कि अनिल मिठास को ईडी ने बुधवार को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद अदालत ने उससे पूछताछ के लिए ईडी को सात दिन की रिमांड की अनुमति दी थी। Noida News