Noida News : कांग्रेस में कर्मठ कार्यकर्ता बने ठल्ले, चापलूसों की बल्ले-बल्ले
नोएडा
RP Raghuvanshi
29 Nov 2025 01:17 PM
नोएडा। नोएडा में कांग्रेस की हालत अब फिर बदतर होने की दिशा में चल चुकी है। आलम यह है कि कर्मठ एवं समर्पित कार्यकर्ता हशिए पर हैं जब की चापलूस चांदी काट रहे हैं। नोएडा विधानसभा क्षेत्र में पिछले 2 वर्षों में के दौरान आईसीयू से निकलकर स्वस्थ होकर सडक़ों पर दौड़ रही कांग्रेस अब फिर वेंटिलेटर जाने की राह पकड़ रही है। इसके लिए कर्मठ तथा सक्रिय कार्यकर्ता नहीं बल्कि चंद चापलूस व पार्टी को तोडऩे वाले षड्यंत्रकारी नेता ही जिम्मेदार है।
यह कहना अतिशयोक्ति नहीं होगा कि कांग्रेस में कर्मठ तथा समर्पित कार्यकर्ता हाईकमान के लिए अगले नजर आ रहे हैं चापलूस बल्ले बल्ले कर रहे हैं हाल ही में हाईकमान ने नोएडा महानगर अध्यक्ष पद पर जो फेरबदल किया है उसको लेकर कांग्रेस के समर्पित तथा कर्मठ कार्यकर्ताओं का आक्रोश आसमान पर है। शनिवार को इसके विरोध में कई ब्लॉक अध्यक्षों समेत कई कर्मठ कार्यकर्ताओं एवं पदाधिकारियों ने इस्तीफा देकर अपना आक्रोश व्यक्त कर दिया है इस्तीफा देने वालों का सिलसिला बजाय कम होने के जोर पकड़ता जा रहा है। उनका कहना है कि जिस तरह से हाल ही में पार्टी में आए चापलूस कुछ शीर्ष पदाधिकारियों से गठजोड़ करके पार्टी के जनाधार को नष्ट करने की मुहिम छेड़ रहे हैं यह आने वाले विधानसभा चुनाव में पार्टी के लिए काफी घातक साबित होगा।
पार्टी के चंद पुराने तथा कर्मठ नेताओं की मानें तो कल महानगर अध्यक्ष पद पर फेरबदल करके हाईकमान ने यह संकेत दे दिया है कि नोएडा विधानसभा में अब किसी भी गुर्जर समाज के कार्यकर्ता को प्रत्याशी नहीं बनाया जाएगाद्य उनका साफ कहना है कि हाल ही में समाजवादी पार्टी छोडक़र कांग्रेस में शामिल एक युवा दंपत्ति तथा पार्टी के चंद शीर्ष पदाधिकारियों की सांठगांठ से यह सारा खेल हुआ है द्यउनका तो यहां तक कहना है कि हाल ही में सपा से कांग्रेस में आई एक महिला को नोएडा विधानसभा क्षेत्र से प्रत्याशी बनाने के लिए यह सारा षड्यंत्र रचा गया है। कमोबेश यही हाल जनपद गौतम बुध नगर मैं जिला अध्यक्ष पद को लेकर भी बताया जाता है।
कई कार्यकर्ताओं का कहना है कि यदि नोएडा विधानसभा क्षेत्र से पार्टी के पुराने कर्मठ तथा समर्पित कार्यकर्ताओं को टिकट न देकर हाल ही में आए नए नए लोगों में से किसी एक को टिकट दिया गया तो पार्टी में बहुत बड़ा विद्रोह उठने से कोई रोक नहीं सकता हैद्य यह विद्रोह पार्टी के लिए बहुत ही घातक साबित हो सकता है द्यउनका तो यहां तक कहना है कि कहीं इस बार नोएडा विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस प्रत्याशी को जमानत बचाने की लाले ना पड़ जाए।
सर्वविदित है कि नोएडा विधानसभा क्षेत्र से एआईसीसी सदस्य दिनेश अवाना ,युवक कांग्रेस के जिला अध्यक्ष पुरुषोत्तम नागर ,किसान कांग्रेस के जिला अध्यक्ष गौतम अवाना ललित अवाना प्रमोद शर्मा समेत कई कार्यकर्ता टिकट पाने की प्रबल दावेदार है द्यलेकिन इन सब को दरकिनार करके मात्र एक महिला को प्रत्याशी बनाए जाने को लेकर यह सारा षड्यंत्र रचा गया है।
सर्व विदित है कि पिछले 2 वर्षों में नोएडा महानगर अध्यक्ष शहाबुद्दीन के नेतृत्व में पार्टी के जनाधार काफी तेजी से बढ़ा हैद्य इस दौरान कार्यकर्ताओं ने आए दिन जनहित के मुद्दों को लेकर व्यापक संघर्ष किया, प्रदर्शन किया तथा जेल भी गए एवं गिरफ्तारियां दी हैद्य इन सब का प्रभाव यह हुआ कि यहां पर आईसीयू में पड़ी कांग्रेस एक बार पुन: जीवित होकर स्वस्थ होकर सडक़ों पर दौडऩे लगी थी तथा लोग भाजपा के बाद कांग्रेस को ही टक्कर में देख रहे थे द्यलेकिन हाल ही में हाईकमान के इस तुगलकी कदम ने दौड़ते हुए स्वस्थ कॉन्ग्रेस की हत्या कर दी हैद्य जिसका खामियाजा पार्टी को आगामी विधानसभा चुनाव में उठाने से रोका नहीं जा सकता है।
सूत्रों का तो यहां तक कहना है कि इस खेल में सपा से कांग्रेस में आए एक दंपत्ति के अलावा एक प्रदेश स्तर के महासचिव तथा एक राष्ट्रीय सचिव की प्रमुख भूमिका है।
सूत्रों की माने तो कांग्रेस का एक प्रतिनिधिमंडल इस मामले को लेकर राष्ट्रीय महासचिव तथा उत्तर प्रदेश के प्रभारी प्रियंका गांधी से शीघ्र मुलाकात कर सकता है द्यकई कांग्रेसियों का यहां तक कहना है कि यदि सपा से आए दंपत्ति में से किसी को यहां से टिकट दिया गया तो बड़ी संख्या में कांग्रेस के कर्मठ कार्यकर्ता एक साथ सामूहिक इस्तीफा दे देंगे।