जेल गए किसानों का किसान संघर्ष मोर्चा ने किया सम्मान, कहा-बिना किसी डर के किया जाएगा संघर्ष
Noida News
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 07:14 AM
Noida News : किसान संघर्ष मोर्चे द्वारा आयोजित कार्यक्रम में एकजुट होकर किसानों की आवाज को और भी बुलंद किया गया। शुक्रवार को पृथला गांव में आयोजित इस आयोजन का नेतृत्व भारतीय किसान परिषद ने किया जिसमें अखिल भारतीय किसान सभा और किसान एकता संघ भी शामिल थे। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जेल गए किसानों के संघर्ष को सम्मानित करना और उनकी प्रेरणादायक निष्ठा को उजागर करना था।
किसान योद्धाओं के संघर्ष की हुई सराहना
इस मौके पर भारतीय किसान परिषद के नेतृत्व में जेल गए किसान योद्धाओं को प्रशस्ति पत्र देकर उनके साहस और संघर्ष की सराहना की गई। उन्हें सम्मानित करने के साथ-साथ इस कार्यक्रम में मातृशक्ति के अद्वितीय त्याग और समर्पण को भी विशेष रूप से सराहा गया। शॉल अर्पित कर उनकी मेहनत और योगदान का सम्मान किया गया, जिससे किसानों की महिलाएं भी इस आंदोलन में अपनी अहम भूमिका को महसूस कर सकें।
किसानों के लिए तैयार की गई ठोस योजना
तीनों संगठनों द्वारा किसानों के लिए एक ठोस योजना तैयार की गई जिसमें किसानों की ज़मीन के 10% हिस्से की सुरक्षा, नए भूमि अधिग्रहण कानून को यथावत लागू करना, और पहले से बनी हाई पावर कमेटी की सिफारिशों को प्राधिकरण स्तर पर लागू करने की लड़ाई को सशक्त रूप से आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया। यह योजना यह सुनिश्चित करने के लिए तैयार की गई कि किसानों को उनके अधिकारों से वंचित नहीं किया जाए और उनके लिए न्याय सुनिश्चित किया जाए। कार्यक्रम के दौरान सुखबीर खलीफा ने युवाओं को समाज के प्रति समर्पित होकर लड़ाई लड़ने की दिशा बताई और बताया कि यह संघर्ष केवल किसानों का नहीं बल्कि पूरे समाज का है। उन्होंने मातृशक्ति की दृढ़ता और बलिदान को भी सराहा और कहा कि महिलाओं का योगदान इस आंदोलन में बेहद महत्वपूर्ण है।
बिना डर और घबराहट के किया जाएगा संघर्ष
अखिल भारतीय किसान सभा के जिला अध्यक्ष डॉ. रुपेश वर्मा ने मुख्यमंत्री से हुई वार्ता का उल्लेख करते हुए बताया कि किसानों के मुद्दों को प्रभावी तरीके से आगे बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और जल्द ही एक ठोस परिणाम की दिशा में कदम बढ़ाए जाएंगे। सोरन प्रधान ने भी किसानों की लड़ाई को और बल देने के लिए अपने पूर्ण समर्थन का आश्वासन दिया। कार्यक्रम के अंत में जेल गए किसान योद्धाओं को सम्मानित करते हुए यह संकल्प लिया गया कि आगे भी किसानों के हक की रक्षा के लिए बिना किसी डर और घबराहट के संघर्ष किया जाएगा। इन योद्धाओं ने 100 दिन तक जेल में रहने का प्रण लिया और कहा कि वे अपने कृत्य से किसानों के हक की आवाज को और भी मजबूती से उठाएंगे। Noida News