
Noida News : नोएडा प्राधिकरण ने नोएडा शहर में रहने वाले सरकारी फ्लैटों के मालिकों को एक बड़ा गिफ्ट दिया है। नोएडा नागरिकों के लिए यह गिफ्ट दीपावली गिफ्ट की तरह से है। नोएडा प्राधिकरण के बोर्ड ने 2 नवंबर को हुई बैठक में सरकारी फ्लैटों के लिए OTS योजना लागू कर दी है। एक बार पहले भी OTS योजना लाई जा चुकी है। उस योजना से नोएडा के अनेक फ्लैट ऑनर्स वंचित रह गए थे। OTS योजना 3 महीने के लिए लाई गई है।
नोएडा प्राधिकरण के बोर्ड की 2 नवंबर को हुई बैठक में फ्लैट आनर्स के लिए OTS योजना घोषित की गई। OTS योजना में कुछ नई शर्तें जोड़ी गई हैं जो पिछली बार घोषित OTS योजना में नहीं थी। आपको बता दें कि नोएडा प्राधिकरण ने नोएडा शहर के अलग अलग सेक्टरों में एलआईजी, एचआईजी तथा एमआईजी फ्लैट बनाकर अलग अलग सालों में आवंटित किए हैं। इन फ्लैटों में रहने वाले सैकड़ों नागरिक नोएडा प्राधिकरण की बकाया धनराशि का भुगतान नहीं कर रहे हैं।
सरकारी फ्लैट ऑनर्स के ऊपर नोएडा प्राधिकरण के 148 करोड़ रुपये से भी अधिक बकाया हैं। अपने बकाया को वसूल करने का प्राधिकरण जब भी प्रयास करता है तो फ्लैट ऑनर्स चक्रवृद्धि ब्याज देने में असमर्थता व्यक्त कर देते हैं। इसी समस्या का समाधान करने के लिए वन टाइम सेलेटमेंट स्कीम (OTS) लाई गई है। नोएडा प्राधिकरण के बोर्ड ने इस योजना को अपनी मंजूरी दे दी है। ओटीएस के तहत फ्लैट ऑनर्स अपने फ्लैटों की रजिस्ट्री भी करा सकेंगे। जिन फ्लैट मालिकों के आवंटन रद्द कर दिए गए हैं वें अपने आवंटन पुन: बहाल करा पाएंगे।
नोएडा प्राधिकरण द्वारा फ्लैट ऑनर्स के लिए लाई गई ओटीएस योजना में कुछ नई शर्तें जोड़ी गई हैं। सबसे बड़ी शर्त उन आवंटियों के लिए है, जिन्होंने किसी वजह से लीज डीड (रजिस्ट्री) नहीं कराई थी और उनका आवंटन रद्द हो गया था। ऐसे आवंटियों को सबसे पहले अपना आवंटन रिस्टोर कराना होगा। रिस्टोरेशन के लिए सेक्टर रेट का 10 प्रतिशत प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से पैसा प्राधिकरण में जमा करना होगा।
पैसा जमा करने के 30 दिन के अंदर उन्हें अपनी रजिस्ट्री करानी होगी। जिन आवंटियों ने प्राधिकरण के खिलाफ किसी भी अदालत में केस दायर कर रखा है, उन आवंटियों को ओटीएस का लाभ लेने के लिए प्राधिकरण को शपथ पत्र देना पड़ेगा कि वो कोर्ट से अपना केस वापस ले रहे हैं। यहां यह बताना भी जरुरी है कि नोएडा प्राधिकरण ने वर्ष 2017 के बाद सरकारी फ्लैट बनाने बंद कर दिए थे। ओटीएस योजना वर्ष 2017 से पूर्व के फ्लैटों के लिए ही घोषित की गई है। नोएडा प्राधिकरण की ओटीएस योजना का लाभ उन सरकारी विभागों को भी मिलेगा, जिन्होंने नोएडा प्राधिकरण से सरकारी प्रॉपर्टी आवंटित करा रखी है।