
Noida News : नोएडा शहर का सेक्टर-11 सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। सेक्टर-11 में RWA (रेजीडेंट वैलफेयर एसोसिएशन) की अध्यक्ष अंजना भागी को सोशल मीडिया का भरपूर समर्थन मिल रहा है। यूजर्स उनका समर्थन करते हुए लिख रहे हैं कि उन्हें अवैध ढंग से उनके पद से हटाना सरासर गलत है। कुछ यूजर्स इस घटना को पुरूषवादी सोच का नतीजा बता रहे हैं तो कुछ का कहना है कि अंजना भागी की ईमानदारी से काम करने की शैली बेईमान लोगों को पसंद नहीं आई है।
आपको बता दें कि नोएडा शहर का सेक्टर-11 सबसे पुराना आवासीय सेक्टर है। हाल ही में इस सेक्टर में RWA के चुनाव हुए थे। इस चुनाव में अध्यक्ष पद पर प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता श्रीमती अंजना भागी की जीत हुई थी। इसके ठीक विपरीत श्रीमती भागी का पूरा पैनल चुनाव हार गया था। चुनाव में कार्यकारिणी के दूसरे सभी पदों पर उनके विरोधी गुट के पुरूष पदाधिकारी चुनाव जीत गए थे। इस बीच महिला अध्यक्ष के विरूद्ध सभी मर्द पदाधिकारी एकजुट हो गए हैं। उन्होंने सोमवार को एक प्रस्ताव पारित कर अध्यक्ष अंजना भागी को पद मुक्त करने का प्रस्ताव पास कर दिया और वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रदीप अग्रवाल को कार्यवाहक अध्यक्ष नियुक्त कर दिया है।
RWA सेक्टर-11 की अध्यक्ष अंजना भागी का कहना है कि यह कार्रवाई पूरी तरीके से एक तरफा है तथा नियम के विरुद्ध है।
नोएडा के सेक्टर-11 का यह मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। सोशल मीडिया के अधिकतर यूजर अवैध ढंग से पद से हटाई गई अध्यक्ष श्रीमती अंजना भागी का समर्थन कर रहे हैं। यूजर्स का कहना है कि नोएडा की यह घटना पुरूषवादी समाज की सोच का घटिया नतीजा है। सेक्टर-11 में पुरूषों को एक महिला का अध्यक्ष बनना रास नहीं आया है। इसी कारण भोली-भाली ईमानदार महिला को गैर कानूनी ढंग से उनके पद से हटा दिया गया है। सोशल मीडिया के यूजर्स अंजना भागी की बहादुरी व ईमानदारी की तारीफ भी कर रहे हैं। यूजर्स का कहना है कि अंजना भागी ने RWA में फैले भ्रष्टाचार को खत्म करने का काम शुरू किया तो पुरूषवादी सोच के लोगों ने उन्हें पद से हटाने का अवैध फैसल कर डाला।
इस विषय में पूछे जाने पर सेक्टर-11 RWA की निर्वाचित अध्यक्ष अंजना भागी ने अपना पक्ष सामने रखा है। चेतना मंच के साथ बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि अध्यक्ष पद पर रहना अथवा न रहना उनका कोई निजी मसला नहीं है। उन्होंने हमेशा अपने सेक्टर के नागरिकों की सेवा की है। सेक्टर-11 के लिए वे हमेशा काम करती रही हैं। सेक्टर के नागरिकों व आम जनता के सहयोग से वें सेक्टर की सेवा हमेशा करती रहेंगी। इस बीच सेक्टर-11 के RWA का यह विवाद उच्च प्रशासनिक अधिकारियों के सामने भी पहुंच गया है। नोएडा शहर की सबसे बड़ी संस्था के रूप में पहचान बना चुके संगठन फोनरवा (फेडरेशन ऑफ आरडब्ल्यूए) के पदाधिकारी भी इस पूरे प्रकरण में रूचि ले रहे हैं। Noida News