
Noida News : उत्तर प्रदेश के हाईटेक सिटी नोएडा और ग्रेटर नोएडा में स्थित पार्क इन दिनों सूने सूने से नजर आ रहे हैं। मॉर्निंग वॉक पर निकलने वाले लोगों ने भी नोएडा और ग्रेटर नोएडा की सड़कों पर निकलना बंद कर दिया है। यह लोग पॉर्क आदि स्पॉट पर भी मॉर्निंग वॉक के लिए नहीं पहुंच रहे हैं। नोएडा की ग्रीन बेल्ट पूरी तरह से खाली खाली नजर आ रही है।
आपको बता दें कि दिल्ली और नोएडा व ग्रेटर नोएडा की आबोहवा में इस वक्त प्रदूषण का जहर धुल रहा है। शनिवार की सुबह नोएडा का एक्यूआई 418 बना रहा, जो रेड जोन में आता है। नोएडा और ग्रेटर नोएडा की आबोहवा में घुल रहे जहर के कारण लोगों को सांस लेने में दिक्कत पैदा हो गई है। दीपावली पर्व संपन्न होने के बाद तो स्थित और भी अधिक गंभीर होती नजर आ रही है। डाक्टर सलाह दे रहे हैं कि प्रदूषण के कारण लोग घर से बाहर निकलने से बचें। यही वजह है कि नोएडा की ग्रीन बेल्ट और पार्क इन दिनों सूने सूने से नजर आ रहे हैं।
सुबह के वक्त ग्रीन बेल्ट में मॉर्निंग वॉक पर निकलने वाले लोग प्रदूषण के कारण नहीं पहुंच पा रहे हैं। इसके अलावा पॉर्क में पहुंचने वाले लोग भी इनसे दूरी बनाए हुए हैं।
हवा में प्रदूषण की निगरानी के लिए बने समीर पोर्टल के आंकड़ों के मुताबिक सुबह के वक्त हवा खतरनाक स्तर पर पहुंच रही है। सुबह छह से 11 बजे के बीच एक्यूआई 400 के ऊपर बना हुआ है। दोपहर के समय तापमान बढ़ने और हवा चलने की वजह से प्रदूषण से कुछ राहत मिल पा रही है।
नोएडा प्राधिकरण ने प्रदूषण को कम करने के लिए विशेष प्रयास किए जाने की बात कही है। प्राधिकरण से जारी सूचना के मुताबिक नोएडा में 90 टैंकरों से पानी छिड़का जा रहा है। 70 स्मॉग गन धूल के कण छंटने में मदद करने के लिए लगातार काम कर रहे हैं। इससे करीब 300 किमी लंबाई में सड़कों से धूल कम की जा रही है। एक अक्टूबर से 17 नवंबर तक प्रदूषण फैलाने वाली एजेंसियों पर करीब 1.44 करोड़ रुपये जुर्माना भी लगाया गया है।