नोएडा फिल्म सिटी की राह में रोड़े, प्लान पास होना टेढ़ी खीर
Noida News
भारत
चेतना मंच
28 Nov 2025 03:56 PM
Noida News : नोएडा में बनने जा रही उत्तर प्रदेश सरकार की बहुप्रतीक्षित फिल्म सिटी एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गई है। फिल्ममेकर बोनी कपूर और Bhutani Group को जिस परियोजना की जिम्मेदारी सौंपी गई थी, उसी में अब ग्रीन जोन और कमर्शियल निर्माण को लेकर यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (YEIDA) ने गंभीर आपत्तियां जताई हैं। इससे प्रोजेक्ट की राह एक बार फिर मुश्किल होती दिख रही है।
पहले चरण में ही निकली कई खामियां
असल में, कंसोर्टियम ने फिल्म सिटी के पहले चरण का लेआउट प्लान अथॉरिटी को सौंपा था लेकिन उसमें कई खामियां निकल आईं। सबसे बड़ी आपत्ति इस बात पर उठी कि जिस जमीन को हरियाली, पार्क और खुले स्थान के रूप में चिन्हित किया गया था, वहां स्टूडियो और आवासीय इमारतों के निर्माण का प्रस्ताव दिया गया। YEIDA के सीईओ अरुण वीर सिंह ने कहा कि, प्रस्तावित नक्शे में 15% ग्रीन जोन स्पष्ट रूप से नहीं दिखाया गया है, बल्कि वह सड़क किनारे छोटे-छोटे हिस्सों में बंटा हुआ है।
मास्टर प्लान और जोनिंग नियमों का उल्लंघन
इतना ही नहीं, प्रस्ताव में इंडस्ट्रियल जोन के भीतर होटल और गोदाम जैसी कमर्शियल इमारतें भी दर्शाई गई हैं, जो मास्टर प्लान और जोनिंग नियमों का उल्लंघन है। साथ ही, अभी तक डेवलपर्स की ओर से फायर डिपार्टमेंट की एनओसी और स्ट्रक्चरल स्टेबिलिटी सर्टिफिकेट भी नहीं दिया गया है जो कि योजना की स्वीकृति के लिए जरूरी हैं।
क्या कहता है मास्टर प्लान?
फिल्म सिटी के पहले चरण में 155 एकड़ जमीन इंडस्ट्रियल इस्तेमाल के लिए तय की गई है। इसमें 21 एकड़ पर फिल्म इंस्टीट्यूट और 134 एकड़ पर स्टूडियो, पोस्ट प्रोडक्शन यूनिट्स और अन्य फिल्म निर्माण से जुड़ी सुविधाएं बनाई जानी हैं। बाकी 75 एकड़ जमीन कमर्शियल उपयोग के लिए है लेकिन वह भविष्य के चरणों में डेवलप की जाएगी।
अथॉरिटी का रुख सख्त
अथॉरिटी ने साफ कर दिया है कि, अभी सिर्फ पहले चरण को ही मंजूरी मिलेगी। जब तक मूल सुविधाएं जैसे स्टूडियो और इंस्टीट्यूट कम से कम 15% बनकर तैयार नहीं हो जातीं, तब तक होटल, मॉल और रिसॉर्ट जैसे कमर्शियल निर्माण की इजाजत नहीं दी जाएगी।
बोनी कपूर की सफाई और आश्वासन
बोनी कपूर ने हाल ही में कहा कि, 30 जून से पहले भूमि पूजन कर दिया जाएगा। उन्होंने वादा किया कि पहले तीन वर्षों में फिल्म सिटी की मुख्य संरचनाएं स्टूडियो और इंस्टीट्यूट तैयार कर ली जाएंगी और उसके बाद ही कमर्शियल प्रोजेक्ट्स शुरू होंगे। वहीं Bhutani Group के सीईओ आशीष भूटानी ने भरोसा जताया कि ग्रीन जोन से कोई छेड़छाड़ नहीं की गई है और सभी जरूरी दस्तावेज जैसे फायर एनओसी और स्ट्रक्चरल सर्टिफिकेट जल्द ही जमा कर दिए जाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि, सभी आपत्तियों का समाधान कर लिया गया है और संशोधित प्लान इसी सप्ताह के अंत तक अथॉरिटी को सौंप दिया जाएगा। अब देखना यह होगा कि क्या यह बहुप्रतीक्षित प्रोजेक्ट रफ्तार पकड़ पाता है या फिर किसी नई अड़चन में उलझ जाएगा। Noida News