
Noida News (Chetna Manch Desk) 'अपने लिये जिये तो क्या जिये, तू जी, ऐ दिल, ज़माने के लिये' मशहूर गीत की ये पंक्तियां नोएडा के इस IPS अधिकारी पर बिल्कुल सटीक बैठ रही है। यह अधिकारी जहां अपनी प्रशासनिक पद की जिम्मेदारियों को बखूबी निभा रहा है, वहीं उनके मन में देश के भविष्य के लिए भी कई सपने हैं। इन सपनों को पूरा करने के लिए इस सुपर हीरो ने युवाओं को आईपीएस बनने की तैयारी में मदद का बीड़ा उठाया है।
देश और समाज की सेवा करने के लिए अनेक लोगों द्वारा कई सराहनीय कार्य किए जा रहे हैं, लेकिन नोएडा में एक शख्सियत ऐसी है, जो उन गरीब स्टूडेंट के सुपर हीरो बन गए हैं, जो देश की सर्वोच्च सेवा भारतीय पुलिस अकादमी के लिए तैयारी करते हैं। गौतमबुद्धनगर पुलिस कमिश्नरेट में एडिशनल डीसीपी IPS अधिकारी शक्ति मोहन अवस्थी इन बच्चों के सुपर हीरो बन गए हैं। आईपीएस शक्ति मोहन अवस्थी (IPS Shakti Mohan Awasthi) के प्रयासों से उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में एक ऐसा काम हुआ है, जिसकी हर कोई सराहना कर रहा है। श्री अवस्थी के प्रयासों के बाद आजमगढ़ पुलिस लाइन में एक ऐसी लाइब्रेरी स्थापित की गई है, जिसमें उपलब्ध किताबें सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए मददगार साबित होगी।
शक्ति मोहन अवस्थी (IPS Shakti Mohan Awasthi) ने बताया कि कई बार किताबों व अन्य तैयारी के अभाव में प्रतिभावान छात्र सिविल सेवा जैसी कठिन परीक्षा को पास करने में असफल हो जाते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए उन्होंने सोचा कि क्यों न ऐसे छात्रों, युवाओं की मदद की जाए, जिनके पास साधन नहीं हैं और वो महंगी किताबें नहीं खरीद सकते। इसलिए उन्होंने आजमगढ़ पुलिस लाइन में हाईटेक लाइब्रेरी की स्थापना कराई है। जहां सिविल सेवा व अन्य प्रशासनिक सेवाओं की तैयारी रहे छात्र आकर नि:शुल्क शिक्षा ग्रहण कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि जब भी उन्हें समय मिलता है, तो वह लाइब्रेरी में जाकर छात्रों को कोचिंग भी देते हैं और उन्हें सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी को लेकर टिप्स भी देते हैं।
[caption id="attachment_97400" align="alignnone" width="700"]
Noida News[/caption]
एडीसीपी शक्ति मोहन अवस्थी ने चेतना मंच को बताया कि यदि उन्हें मौका मिलता है तो वह नोएडा, ग्रेटर नोएडा के छात्रों के लिए भी इस तरह इस तरह का काम करेंगे। उन्होंने बताया कि वह आईपीएस अफसर बनने का सपना संजाने वाले छात्रों के साथ हैं।
आईपीएस शक्ति मोहन अवस्थी की ओर से आजमगढ़ में स्थापित की गई लाइब्रेरी हाइटेक है। इसमें पुलिस रेगुलेशंस एक्ट, एविडेंस एक्ट, आईपीसी व सीआरपीसी और पुलिस जांच में काम आने वाली किताबें रखी गई हैं।
आईपीएस शक्ति मोहन अवस्थी दिल्ली के राजेंद्र नगर में भी तीन साल रहे और यूपीएससी की तैयारी की। यूपीएससी की तैयारी करने वालों का गढ़ कहे जाने वाले राजेंद्र नगर की गली-गली में लाइब्रेरी व क्यूबिकल्स बने हुए हैं। यहीं से आईपीएस शक्ति मोहन अवस्थी को भी आजमगढ़ में लाइब्रेरी व क्यूबिकल्स का आइडिया आया।
आपको बता दें कि शक्ति मोहन अवस्थी तीसरे प्रयास में आईपीएस बने थे। उन्होंने यूपीएससी में 154वीं रैंक हासिल की थी। पहले उनका चयन आईआरएस पद पर हुआ था। मूलरूप से यूपी के लखनऊ के रहने वाले शक्ति मोहन अवस्थी की पत्नी डॉ. पूजा आईएएस अधिकारी हैं। पूजा ने यूपीएससी 2021 में 42वीं रैंक हासिल की थी। Noida News