नोएडा में कूड़ा निस्तारण के लगेंगे दो प्लांट, मिलेगी राहत
Noida News
भारत
चेतना मंच
29 Nov 2025 07:26 PM
Noida News : नोएडा प्राधिकरण के सामने कुड़ा इकट्ठा करने के बाद इनकी डंपिंग और निस्तारण की विकट समस्या बनी हुई है। जिसके निदान के लिए प्राधिकरण ने कूड़ा निस्तारण के लिए प्लांट लगाने की तैयारी की है। अब शहर में निकलने वाले कूड़े के निस्तारण के लिए नोएडा प्राधिकरण 40-40 मीट्रिक टन क्षमता के दो प्लांट लगाएगा। परियोजना को, प्राधिकरण के सीईओ डॉ. लोकेश एम ने मंजूरी दे दी है। निस्तारण के लिए चुनी गई एजेंसी अपने खर्च पर प्लांट लगाएगी साथ ही अपने संसाधनों से कूड़ा उठाएगी। कूड़ा उठाने के लिए कंपनी आम लोगों से शुल्क वसूलेगी। दोनों प्लांट सेक्टर-119 और सेक्टर- 50 में लगाने की तैयारी है। प्राधिकरण को एक प्लांट लगाने के लिए करीब दो हजार वर्गमीटर जमीन की जरूरत होगी।
गीले कूड़े से गैस तथा खाद तैयार की जाएगी
दोनों प्लांट से शहर से निकलने वाले 80 टन कूड़े का निस्तारण किया जाएगा। प्राधिकरण के अनुसार 40 मीट्रिक टन क्षमता के प्लांट में 25 टन गीले कूड़े से गैस तथा खाद तैयार की जाएगी। इसके अलावा 15 टन सूखे कूड़े का छंटनी कर इसका निस्तारण होगा। प्लांट के लिए कूड़ा एकत्रित कर अपने खर्चे पर ही एजेंसी लेकर जाएगी। कूड़े से तैयार होने वाले उत्पादों को बेचकर राजस्व प्राप्त करेगी। इसमें से कुछ राजस्व नोएडा प्राधिकरण को दिया जाएगा। इस प्लांट को लगाने के लिए नोएडा प्राधिकरण खर्च नहीं करेगा। प्लांट 15 साल के लिए लगाया जाएगा। एजेंसी का काम बेहतर होने पर इसका समय तीन साल और बढ़ाया जाएगा। प्लांट लगाने के लिए नोएडा प्राधिकरण मुफ्त में एजेंसी को जमीन देगा। अनुबंध समाप्त होने पर एजेंसी नोएडा प्राधिकरण को जमीन वापस कर देगी। इस तरह कूड़े का निस्तारण भी होगा और उससे राजस्व की प्राप्ति भी होगी।Noida News सफाई व्यवस्था में लापरवाही पर दो साल के लिए ब्लैकलिस्ट
नोएडा शहर में कुछ स्थानों पर चौपट हो रही सफाई व्यवस्था पर प्राधिकरण के सीईओ डॉ लोकेश एम की सख्ती के बाद जन स्वास्थ्य विभाग ने कार्रवाई शुरू कर दी है। सेक्टर-105, 108, 104 व नोएडा प्राधिकरण ने 4 करोड़ रुपये में दिया था सेक्टर व गांवों की सफाई का जिम्मा। भंगेल सलारपुर गांव की सफाई का काम लेने वाली एजेंसी सही से काम नहीं कर रही थी। प्राधिकरण के सीईओ के निरीक्षण में भी यहां कई जगहों पर गंदगी सामने आ चुकी थी। सीईओ की नाराजगी इस बात को लेकर थी कि करार में जो काम एजेंसी को करने थे उसके मुताबिक सफाई का काम नहीं हो रहा था। इसलिए बिमलराज आउटसोर्सिंग प्राइवेट लिमिटेड नाम की एजेंसी को दो साल के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है। जबकि एजेंसी को सड़क व नाली की सफाई का काम प्राधिकरण ने 12 महीने के लिए करीब 4 करोड़ रुपये भुगतान पर दिया था। Noida News कर्मचारियों को वर्दी तक नहीं दी गई
प्राधिकरण के जनस्वास्थ्य विभाग के महाप्रबंधक ने बताया, कार्य स्थल पर तैनात कर्मचारियों को एजेंसी की तरफ से अभी तक निर्धारित वर्दी, आई कार्ड, जूते तथा संबंधित अन्य उपकरण नहीं दिए गए हैं। एजेंसी की ओर से नाले से निकले कूड़े को भी नियमित रूप से सेक्टर-145 स्थित डंपिंग ग्राउंड में पहुंचाया जा रहा था। इसके अलावा रिक्शा, जेसीबी, टैक्टर-ट्राली काम में पर्याप्त संख्या में नहीं लगी हुई थी। इस महीने बिना प्राधिकरण की जानकारी दिए 6 कर्मचारियों को भर्ती कर लिया गया था। इसलिए एजेंसी को काली सूची में डाल दिया गया है। प्राधिकरण की इस कार्रवाई से कूड़ा निस्तारण एजेंसियां अब सतर्क हो गई हैं और उनमें हड़कंप मचा हुआ है। Noida News