
Noida News: (चेतना मंच)। मजदूर दिवस के अवसर पर हिंद मजदूर सभा द्वारा श्रमिकों को एकजुट व जागरूक करने के उद्देश्य से एक रैली निकाली गई। रैली के दौरान श्रमिकों के एकजुट होने का आह्वान किया गया, साथ ही उन्हें उनके अधिकारो की जानकारी दी गई।
सेक्टर-5 स्थित हिंद मजदूर सभा के कार्यालय पर प्रदेश सचिव आरपी सिंह चौहान ने ध्वजारोहण कर रैली को हरी झंडी दिखाई। इस दौरान उन्होंने कहा कि आजादी के 75 साल बाद भी देश का 25 फ़ीसदी मेहनतकश वर्ग संगठित नहीं हो पाया है। सवा अरब की आबादी वाले देश में बमुश्किल दो करोड़ श्रम शक्ति संगठित हुई और वह भी तमाम केंद्रीय और राज्य स्तरीय संगठन में बट गई हैं।
श्रमिकों की एकजुटता घोर पूंजीवादी सरकारों को भी अपने निर्णय बदलने पर मजबूर कर देती है इसलिए श्रमिकों का एकजुट होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि एकजुट होकर ही श्रमिक अपने अधिकार पा सकते हैं। उन्होंने सरकार की गलत नीतियों का विरोध करते हुए कहा कि हाल ही में बनाए गए नए लेबर कोर्ट को वापस लिया जाए। कारखाना कानून में 8 घंटे की ड्यूटी निर्धारित होने के बावजूद भी मजदूर 12-12 घंटे काम करने को मजबूर हैं इसके लिए मजदूर और श्रमिक संगठनों को आवाज उठानी चाहिए। हिंद मजदूर सभा के महामंत्री रितेश कुमार झा ने कहा कि पूंजीवाद के शोषण को जड़ से उखाडऩे के लिए मजदूरों को जाति, मजहबी कट्टरपंथी ताकतों और जातिवादी राजनीति के ठेकेदारों से लोहा लेना होगा। इस लड़ाई में महिला श्रमिकों की भी बराबर की भागीदारी होनी चाहिए। इस मौके पर सुरेश भाटी, ललित शर्मा, विमलेश कुमार, के पी सिंह, सीके मिश्र, मतीउल्लाह, शत्रुघ्न, राजेश शर्मा, प्रवीण कुमार वर्मा आदि मौजूद थे।