
सार Noida News : यूपी के CM योगी आदित्यनाथ नोएडा व ग्रेटर नोएडा समेत उत्तर प्रदेश के आधा दर्जन जिलों पर ''खास'' मेहरबान हुए हैं। उन्होंने अपने अधिकारियों को निर्देश देकर नोएडा से लेकर कानपुर तक का एक विशेष प्लान तैयार कराया है। इस प्लान को स्वीकृति के लिए भारत सरकार को भेजा गया है।
विस्तार Noida News : आपको बता दें कि यूपी के CM योगी आदित्यनाथ नोएडा, ग्रेटर नोएडा, हापुड़, बुलंदशहर, कासगंज, एटा, मैनपुरी, कन्नौज और कानपुर पर ''खास'' मेहरबान हुए हैं। सीएम योगी की मेहरबानी के कारण नोएडा से कानपुर तक ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे बनाने का प्लान तेयार किया गया है। इस एक्सप्रेसवे के बनने से इन छह जिलों में रहने वाले करोड़ों लोगों को फायदा होगा। इस नए एक्सप्रेसवे के प्लान को यूपी सरकार ने केंद्र सरकार के पास भेज दिया है।
आपको बता दें कि नोएडा को यूपी की औद्योगिक नगरी कानपुर से जोड़ने के लिए नया एक्सप्रेसवे बनाया जाएगा। पहले इस एक्सप्रेसवे को कानपुर से हापुड़ के बीच बनाने की योजना थी, लेकिन अब इसमें बदलाव कर दिया गया है। नोएडा-कानपुर एक्सप्रेसवे को हापुड़ से जोड़ने के लिए 60 किलोमीटर लंबा कनेक्टर रोड भी बनेगा।
दिल्ली-एनसीआर को कानपुर से कनेक्ट करने वाले इस एक्सप्रेसवे में यह बदलाव जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट को ध्यान में रखते हुए किया गया है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने इस एक्सप्रेसवे की डीपीआर तैयार कर ली है, जिसे सड़क परिवहन मंत्रालय की मंजूरी के बाद अंतिम रूप दिया जाएगा।
आपको बता दें कि नोएडा-कानपुर एक्सप्रेसवे को कानपुर से कन्नौज तक मौजूदा जीटी रोड के ऊपर बनाया जाएगा। इस एक्सप्रेसवे की लंबाई 380 किलोमीटर होगी। यह बुलंदशहर, कासगंज, एटा, मैनपुरी और कन्नौज होते हुए कानपुर तक जाएगा। खास बात है कि कन्नौज के बाद यह ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे होगा और अलीगढ़ के रास्ते नोएडा तक बनेगा। यह नया एक्सप्रेसवे ग्रेटर नोएडा के सिरसा गांव में ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे को जोड़ेगा।
इस एक्सप्रेसवे पर जेवर एयरपोर्ट के नजदीक वाहनों के चढ़ने-उतरने के लिए लूप बनाया जाएगा, साथ ही यह एक्सप्रेसवे आगे सिरसा गांव तक जाएगा, जहां से यात्री ईस्टर्न पेरिफेरल लेकर गाजियाबाद और फरीदाबाद पहुंच सकेंगे।
इस एक्सप्रेसवे के निर्माण के लिए हुए सर्वे में इसे शुरुआत में 6 लेन में बनाए जाने का सुझाव दिया गया है, क्योंकि इसके ऊपर जीटी रोड का ट्रैफिक भी आएगा। सर्वे में यह भी पाया गया कि जेवर एयरपोर्ट बनने के बाद डायरेक्ट कनेक्टिविटी की जरूरत होगी। इसलिए एनएचएआई की टीम ने सुझाव दिया कि जेवर के रास्ते हापुड़ को सीधे कानपुर-नोएडा एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा, तो बड़ी आबादी को इसका फायदा मिलेगा। Noida News