नोएडा में आवारा जानवरों पर खून सवार, सामने आया डरा देने वाला आंकड़ा
Noida News
भारत
चेतना मंच
23 Jun 2025 08:59 PM
Noida News : नोएडा में आवारा जानवरों की समस्या अब जानलेवा होती जा रही है। नोएडा में हालात इतने बिगड़ चुके हैं कि जानवर अब किसी दानव की तरह हर दिन सैकड़ों लोगों पर हमला कर रहे हैं। गौतम बुद्ध नगर जिले में जनवरी से मई 2025 तक जानवरों के काटने की कुल 74,550 घटनाएं दर्ज की गई हैं, जिनमें सबसे ज्यादा हमले आवारा कुत्तों की ओर से हुए हैं। हैरान करने वाली बात यह है कि अकेले कुत्तों के काटने के मामले ही 52,714 हैं। बाकी घटनाओं में 16,474 पालतू कुत्तों, 3,833 बंदरों और 1,179 बिल्लियों के हमले शामिल हैं।
क्या है स्वास्थ्य विभाग का ताजा आंकड़ा
स्वास्थ्य विभाग के ताजा आंकड़ों से साफ है कि यह सिर्फ एक मामूली समस्या नहीं, बल्कि सार्वजनिक स्वास्थ्य संकट का रूप ले चुकी है। हर महीने औसतन 15,000 लोग किसी न किसी जानवर के हमले का शिकार बन रहे हैं यानी हर दिन लगभग 500 मामले सामने आ रहे हैं। इनमें से कई हमले ऐसे हैं जो सीसीटीवी में कैद हुए हैं, जहां बिना किसी उकसावे के आवारा कुत्तों को बच्चों और बड़ों पर झपटते देखा गया है।
नियंत्रण के उपाय तेजी से लागू
उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. टीकम सिंह ने इन घटनाओं में तेजी से हो रही बढ़ोतरी की पुष्टि करते हुए बताया कि स्वास्थ्य विभाग, पशु चिकित्सा विभाग और नोएडा अथॉरिटी मिलकर हॉटस्पॉट इलाकों की पहचान करने में जुटे हैं, जहां ये हमले अधिक हो रहे हैं। उनका कहना है कि, हॉटस्पॉट चिन्हित कर हम रोकथाम और नियंत्रण के उपाय तेजी से लागू कर रहे हैं।"
अखिलेश यादव ने बताया श्वान संकट
इस मुद्दे पर पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने इसे 'श्वान संकट' करार देते हुए पूछा कि क्या कोई इसकी रोकथाम की ठोस योजना बनाएगा? उन्होंने चेतावनी दी कि कहीं ऐसा न हो कि जनता जानवरों से परेशान होकर खुद हिंसा पर उतर आए और स्थिति और ज्यादा बिगड़ जाए। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि क्या यहां भी वैसे ही निष्क्रिय अफसर तैनात किए जाएंगे, जैसे गौवंश संरक्षण में नाकाम रहे?
नोएडा, जो कभी अपने साफ-सुथरे इंफ्रास्ट्रक्चर और बेहतर नागरिक सुविधाओं के लिए जाना जाता था, आज एक गंभीर शहरी संकट से जूझ रहा है। जरूरत है कि इस समस्या को सिर्फ आंकड़ों तक सीमित न रखा जाए, बल्कि जमीन पर सख्त और असरदार कदम उठाए जाएं। Noida News